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कनाडा: महामारी के बीच प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रुडो ने क्यों खेला है मध्यावधि चुनाव का दांव?
Mon, 16 Aug 2021 07:48 PM IST
Harendra Chaudhary
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ओटावा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ओटावा
Published by: Harendra Chaudhary
Updated Mon, 16 Aug 2021 07:48 PM IST
सार
ट्रुडो की लिबरल पार्टी 2015 से लगातार सत्ता में है। हाल के जनमत सर्वेक्षणों के मुताबिक संसद के निचले सदन हाउस ऑफ कॉमन्स में लिबरल पार्टी को 170 सीटें मिल सकती हैं। एंगस रीड इंस्टीट्यूट के सर्वे के मुताबिक लिबरल पार्टी को मुख्य विपक्षी कंजरवेटिव पार्टी की तुलना में पांच फीसदी ज्यादा वोट मिलने की संभावना है...
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कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो
- फोटो : Agency (File Photo)
विस्तार
कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रुडो ने अचानक देश में मध्यावधि चुनाव कराने का दांव खेला है। ट्रुडो दो साल से अल्पमत सरकार चला रहे थे। अब उन्हें उम्मीद है कि कोरोना वायरस महामारी को उनकी सरकार ने जिस कुशलता से संभाला, उससे खुश मतदाता उन्हें पूरा बहुमत प्रदान करेंगे। रविवार को ट्रुडो कनाडा की गवर्नर जनरल मेरी सिमोन से मिल और संसद भंग करने का आग्रह किया। गवर्नर जनरल ने इसे स्वीकार कर लिया। उसके बाद ट्रुडो ने कहा- सरकार को जो फैसले लेती है, उससे आपकी अगली पीढ़ियों का भविष्य तय होता है। ऐसे में इस निर्णायक वक्त में कौन नहीं चाहेगा कि वह कैसी सरकार हो, इस बारे में अपनी राय जताए?
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कनाडा में पिछला संसदीय चुनाव 2019 में हुआ था। उसमें ट्रुडो की पार्टी को बहुमत नहीं मिला। इसलिए उसे कानून पारित कराने के लिए वामपंथी न्यू डेमोक्रेटिक पार्टी (एनडीपी) के समर्थन पर निर्भर रहना पड़ा है। जबकि ट्रुडो पहले ये शिकायत कर चुके हैं कि विपक्षी पार्टियां कानून पास करने में अड़ंगेबाजी कर रही हैं।
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कनाडा उन देशों में है, जहां कोरोना टीकाकरण की दर दुनिया में सबसे ज्यादा है। इसके अलावा अब अर्थव्यवस्था में भी सुधार के संकेत मिल रहे हैं। इससे ट्रुडो को ये उम्मीद है कि मतदाता उनकी पार्टी को बहुमत देने के लिए मतदान करेंगे। हाल में कनाडा में प्रांतीय चुनाव हुए। उनमें सत्ताधारी पार्टियों की जीत हुई। इससे भी ट्रुडो का मनोबल बढ़ा है।
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ट्रुडो की लिबरल पार्टी 2015 से लगातार सत्ता में है। हाल के जनमत सर्वेक्षणों के मुताबिक संसद के निचले सदन हाउस ऑफ कॉमन्स में लिबरल पार्टी को 170 सीटें मिल सकती हैं। एंगस रीड इंस्टीट्यूट के सर्वे के मुताबिक लिबरल पार्टी को मुख्य विपक्षी कंजरवेटिव पार्टी की तुलना में पांच फीसदी ज्यादा वोट मिलने की संभावना है। सर्वे के मुताबिक मतदाताओं के राय में इस समय कोरोना महामारी सबसे बड़ा मुद्दा है। हाउस ऑफ कॉमन्स में कुल 338 सदस्य हैं।
ये चर्चा काफी समय से थी कि ट्रुडो मध्यावधि चुनाव का दांव खेल सकते हैँ। पिछले महीने न्यू डेमोक्रेटिक पार्टी के नेता जगमीत सिंह ने गवर्नर जनरल को एक पत्र भेज कर उनसे अपील की थी कि वे ट्रुडो के मध्यावधि चुनाव की किसी अपील को ना स्वीकार करेँ। उन्होंने ध्यान दिलाया कि कनाडा में निश्चित अवधि पर चुनाव कराने का प्रावधान है। उसके मुताबिक संसदीय चुनाव के लिए हर चौथे साल अक्तूबर महीने के तीसरे सोमवार को मतदान होता है।
जगमीत सिंह ने कहा था कि हालांकि देश में मध्यावधि चुनाव का प्रावधान है, लेकिन ऐसा तभी हो सकता है कि जब सरकार के खिलाफ सदन में अविश्वास प्रस्ताव पास हुआ हो, जो स्थिति अभी नहीं है। साथ ही जगमीत सिंह ने कहा था कि अभी जबकि महामारी जारी है, यह चुनाव के लिए सही समय नहीं है।
लेकिन गवर्नर जनरल ने जगमीत सिंह की दलीलों को ठुकरा दिया है। पर्यवेक्षकों का जगमीत सिंह एक लोकप्रिय नेता हैं और संभावना है कि उनकी पार्टी की सीटें अगले चुनाव में बढ़ेंगी। लेकिन ऐसा कंजरवेटिव पार्टी की कीमत पर होगा, जिसकी लोकप्रियता पिछले चुनाव के बाद और गिरी है।