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अमेरिका ने हायपरसोनिक मिसाइल का किया परीक्षण, ध्वनि की तुलना में 17 गुना तेज है रफ्तार

Fri, 17 Jul 2020 01:13 PM IST
अनवर अंसारी वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, वाशिंगटन Published by: अनवर अंसारी Updated Fri, 17 Jul 2020 01:13 PM IST
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US Tests Hypersonic Missile in pacific ocean, 17 Times Faster Than Sound speed
Hypersonic missile (सांकेतिक तस्वीर)

अमेरिका ने अपनी सैन्य क्षमता को और अधिक मजबूत करने के लिए एक हायपरसोनिक मिसाइल तैयार की है। इस मिसाइल की रफ्तार ध्वनी की तुलना में 17 गुना तेज है। अमेरिका चीन और रूस को टक्कर देने के लिए अपनी सैन्य क्षमता को धार देता रहता है। 

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सीएनएन की रिपोर्ट में बताया गया है कि इस मिसाइल का परीक्षण प्रशांत महासागर के ऊपर किया गया, जहां इसके नतीजे सफल आए। अमेरिकी सेना के एक वरिष्ठ अफसर ने बताया, मिसाइल का परीक्षण प्रशांत महासागर के ऊपर सफल रहा है। 
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राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मई महीने में ही इस तरह की मिसाइल का जिक्र किया था। उन्होंने कहा था कि अमेरिका एक हायपरसोनिक मिसाइल तैयार करने की कोशिश कर रहा है। हालांकि, यह पहली बार है कि एक सैन्य अधिकारी ने इसकी पुष्टि की है। 
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वहीं, बताया गया है कि अमेरिका इस वर्ष एक क्रूज मिसाइल का भी परीक्षण करेगा। हालांकि, इस मिसाइल को परमाणु शक्ति से लैस नहीं किया जाएगा। गौरतलब है कि मार्च महीने में अमेरिका ने ध्वनी से पांच गुना तेज मिसाइल के परीक्षण के सफल होने की जानकारी दी थी। 


ऐसे हथियारों के मामले में रूस और चीन अमेरिका से आगे
अमेरिका के डिफेंस रिसर्च एंड इंजीनियरिंग डिपार्टमेंट के डायरेक्टर मार्क लेविस ने 30 जून को बताया कि अमेरिका सेना को मजबूती प्रदान करने के लिए आने वाले चार वर्षों के दौरान हायपरसोनिक मिसाइलों की 40 फ्लाइट टेस्ट को अंजाम देगा। उन्होंने बताया कि प्रशांत महासागर क्षेत्र में लंबी की दूरी की मिसाइल एक्स-51 का परीक्षण किया गया है। 

लेविस ने बताया कि इस तरह के हथियारों के मामले में रूस और चीन अमेरिका से आगे हैं। यही वजह है कि अमेरिका भी इस तरह के हथियार बनाने की तैयारी कर रहा है। उन्होंने चीन पर आरोप लगाते हुए कहा कि चीन ने अमेरिकी सूत्रों की मदद से ऐसे हथियारों को तैयार करने की जानकारी हासिल की है। 

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