फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   US bars staff from visiting Islamabad Marriott Hotel citing possible attack

Pakistan: अमेरिका के बाद ऑस्ट्रेलिया-सऊदी अरब ने भी किया नागरिकों को अलर्ट, मैरियट होटल को लेकर किया आगाह

Tue, 27 Dec 2022 12:11 AM IST
देव कश्यप वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद।
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, इस्लामाबाद। Published by: देव कश्यप Updated Tue, 27 Dec 2022 12:11 AM IST
सार

अमेरिकी सरकार ने एक सुरक्षा चेतावनी में कहा कि वह इस जानकारी से वाकिफ है कि अज्ञात व्यक्ति संभवतः छुट्टियों के दौरान इस्लामाबाद के मैरियट होटल में अमेरिकियों पर हमला करने की साजिश रच रहे हैं। आत्मघाती हमले के बाद पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद को पहले ही हाई अलर्ट पर रखा गया है।

विज्ञापन
US bars staff from visiting Islamabad Marriott Hotel citing possible attack
पाकिस्तान में अमेरिकी दूतावास। - फोटो : Twitter

विस्तार

पाकिस्तान की राजधानी इस्लामाबाद में शुक्रवार को हुए आत्मघाती बम विस्फोट के बाद अमेरिका ने अपने कर्मचारियों को सतर्क किया है। पाकिस्तान में अमेरिकी दूतावास ने रविवार को हमले की आशंका का हवाला देते हुए अपने सरकारी कर्मचारियों को इस्लामाबाद के मैरियट होटल में जाने पर रोक लगा दी है। आत्मघाती हमले के बाद पाकिस्तान की राजधानी को पहले ही हाई अलर्ट पर रखा गया है। इस हमले में एक पुलिसकर्मी की मौत हो गई थी और दस अन्य घायल हो गए थे।

विज्ञापन


ऑस्ट्रेलिया-सऊदी अरब ने भी जारी की एडवाइजरी
पाकिस्तान में हुए बम धमाकों के बाद ऑस्ट्रेलिया ने भी सोमवार को अपने नागरिकों के लिए नई गाइडलाइन जारी की। ऑस्ट्रेलिया ने अपने नागरिकों से शहर के अंदर रहने और यात्रा न करने की अपील की हैं। जारी एडवाइजरी में कहा गया है कि इस्लामाबाद में ऑस्ट्रेलियाई अधिकारियों को सतर्कता बढ़ाने और शहर के भीतर यात्रा सीमित करने की सलाह दी गई है। इस बीच सऊदी अरब ने भी पाकिस्तान में चेतावनी जारी कर अपने नागरिकों को सतर्क रहने और जरूरत न होने पर बाहर न जाने की सलाह दी है। इससे पहले रविवार को अमेरिकी सरकार ने अपने नागरिकों को सूचना के बारे में चेतावनी दी थी कि कुछ संदिग्ध इस्लामाबाद के मैरियट होटल में हमने की योजना बना रहे हैं।
विज्ञापन


मैरियट होटल में हमले की आशंका
अमेरिकी सरकार ने एक सुरक्षा चेतावनी में कहा कि वह इस जानकारी से वाकिफ है कि अज्ञात व्यक्ति संभवतः छुट्टियों के दौरान इस्लामाबाद के मैरियट होटल में अमेरिकियों पर हमला करने की साजिश रच रहे हैं। अमेरिकी दूतावास ने अपने कर्मियों से छुट्टियों के दौरान इस्लामाबाद में गैर-जरूरी और अनौपचारिक यात्रा से परहेज करने का भी आग्रह किया। इस हमले की जिम्मेदारी प्रतिबंधित तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) ने ली है, जो अफगानिस्तान के तालिबानी शासकों से अलग लेकिन जुड़ा हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन


बता दें कि इस्लामाबाद का मैरियट होटल सितंबर 2008 में एक आत्मघाती बम विस्फोट से प्रभावित हुआ था। यह राजधानी की सबसे घातक घटनाओं में से एक था, जिसमें 63 लोग मारे गए थे और 250 से अधिक लोग घायल हो गए थे।

इस्लामाबाद हाई अलर्ट पर, सार्वजनिक समारोहों पर प्रतिबंध
हमले के बाद से इस्लामाबाद के प्रशासन ने सार्वजनिक समारोहों और जुलूसों पर प्रतिबंध लगाते हुए शहर को हाई अलर्ट पर रखा है। पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है और वाहनों की जांच के लिए चेक पोस्ट बनाए गए हैं। आत्मघाती हमले के कुछ घंटे बाद ही इस्लामाबाद प्रशासन ने सभी तरह के जमावड़े, खासकर आगामी स्थानीय निकाय चुनावों से संबंधित गतिविधियों पर प्रतिबंध लगा दिया और शहर में हाई अलर्ट घोषित कर दिया।

इस्लामाबाद के उपायुक्त इरफान नवाज मेमन के कार्यालय से जारी एक अधिसूचना के अनुसार, हाल ही में कानून प्रवर्तन एजेंसियों द्वारा जारी की गई सलाह/खतरे के अलर्ट और पुलिस पर हमले के आलोक में राजधानी के अधिकार क्षेत्र के भीतर खतरों को दूर करने के लिए इस्लामाबाद की सुरक्षा को बढ़ा दिया गया है, जो सार्वजनिक जीवन और संपत्ति को नुकसान पहुंचाते हुए शांति को बाधित कर सकते हैं। हालांकि, आने वाले दिनों में इस तरह की गतिविधियों की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है। रिपोर्ट में कहा गया है कि पुलिस ने विशेष रूप से आगामी स्थानीय सरकार के चुनावों के मद्देनजर सभी प्रकार की नुक्कड़ सभाओं, सार्वजनिक समारोहों और सभाओं पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है और दो सप्ताह तक लागू रहेगा।


बम धमाकों की जांच के लिए पाकिस्तान ने जेआईटी का किया गठन
पाकिस्तान के अधिकारियों ने राजधानी इस्लामाबाद में आत्मघाती बम विस्फोट की जांच के लिए शनिवार को चार सदस्यीय संयुक्त जांच दल (जेआईटी) का गठन किया। इस्लामाबाद के मुख्य आयुक्त मोहम्मद उस्मान यूनिस ने आतंकवाद विरोधी अधिनियम (एटीए) 1997 की धारा 19ए के तहत जेआईटी को मंजूरी दी। जेआईटी में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी), इस्लामाबाद स्थित काउंटर टेररिज्म डिपार्टमेंट (सीटीडी), इंटेलिजेंस ब्यूरो और इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस द्वारा नामित प्रतिनिधि और इस्लामाबाद पुलिस प्रमुख द्वारा नामित अन्य सदस्य शामिल हैं। मुख्य आयुक्त ने आदेश दिया है कि जेआईटी 30 दिनों की निर्धारित अवधि के भीतर अपनी जांच पूरी करेगी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed