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संयुक्त राष्ट्र: यूएन ने जताई उम्मीद, मानवाधिकार प्रमुख को शिनजियांग जाने देगा चीन
Mon, 07 Feb 2022 06:51 AM IST
देव कश्यप
एजेंसी, संयुक्त राष्ट्र
एजेंसी, संयुक्त राष्ट्र
Published by: देव कश्यप
Updated Mon, 07 Feb 2022 06:51 AM IST
सार
चीन ने पिछले महीने कहा था कि संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख मिशेल ब्रेशलेट का शिनजियांग का दौरा करने के लिए स्वागत है। वहीं चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियन ने कहा था कि इस दौरे में चीन को अपराधी मानकर जांच की इजाजत नहीं होगी।
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संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंतोनियो गुटेरेस
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
संयुक्त राष्ट्र संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुटेरेस ने उम्मीद जताई है कि मानवाधिकार संबंधी सवालों की जांच के लिए संयुक्त राष्ट्र के मानवाधिकार प्रमुख को शिनजियांग सहित देश के उन तमाम हिस्सों के दौरे ही इजाजत देगा, जहां अल्पसंख्यकों पर अत्याचारों के आरोप लगाए जा रहे हैं।
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शीतकालीन ओलंपिक खेलों के उद्घाटन समारोह में शामिल होने पहुंचे गुटेरेस ने चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग और विदेश मंत्री वांग यी से मिलने के बाद एक वक्तव्य में कहा, चीन ने दौरे की इजाजत देने के संकेत दिए हैं। चीन ने पिछले महीने कहा था कि संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार प्रमुख मिशेल ब्रेशलेट का शिनजियांग का दौरा करने के लिए स्वागत है।
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वहीं चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियन ने कहा था कि इस दौरे में चीन को अपराधी मानकर जांच की इजाजत नहीं होगी। असल में चीन में हो रहे शीत ओलंपिक का पश्चिमी देशों ने मानवाधिकार उल्लंघन के चलते बहिष्कार कर दिया। चीन ने करीब दस लाख से अधिक उइगर मुसलमानों को बंदी बना रखा है। चीन ने वुहान में कोविड फैलने की जांच के लिए भी विश्व स्वास्थ्य संगठन व स्वतंत्र दल को दौरे की इजाजत नहीं दी थी।
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खेलों से अपराध छिपाने की कोशिश
भारत ने उद्घाटन समारोह में भाग नहीं लिया था, क्योंकि चीन ने गलवां में धोखे से हमले के नेतृत्व करने वाले रेजिमेंट कमांडर की फाबाओ को ओलंपिक खेलों की मसाल थमा दी थी। ह्यूमन राइट्स वॉच का कहना है कि चीन अपने घृणित अपराधों को खेलों के पीछे नहीं छिपा सकता।