{"_id":"5e19c2da8ebc3e87935bbfe7","slug":"ukraine-plane-crash-in-iran-army-commander-accepted-mistake-says-i-wish-i-could-die","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"विमान क्रैश पर बोले ईरानी कमांडर, खबर सुन कर मन हुआ कि काश मैं मर गया होता","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
विमान क्रैश पर बोले ईरानी कमांडर, खबर सुन कर मन हुआ कि काश मैं मर गया होता
Sat, 11 Jan 2020 06:13 PM IST
अमित कुमार
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेहरान
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, तेहरान
Published by: अमित कुमार
Updated Sat, 11 Jan 2020 06:13 PM IST
विज्ञापन
ईरान के रिवॉल्यूशनरी गार्ड के कमांडर जनरल आमिर अली हाजीजदेह
- फोटो : IRNA
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ईरान ने यूक्रेन के यात्री विमान को गलती से मिसाइल से गिराने की गलती स्वीकार कर ली है। ईरानी सेना के एक कमांडर ने इस गलती की जिम्मेदारी भी ली है।
विज्ञापन
ईरान के रिवॉल्यूशनरी गार्ड के कमांडर ब्रिगेडियर जनरल आमिर अली हाजीजदेह ने शनिवार को अपनी गलती कबूलते हुए कहा, 'जब मुझे विमान को मार गिराए जाने की बात पता चली, तो सुनकर मेरा मन हुआ कि काश मैं मर गया होता। ताकि इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना का गवाह न बनता।' एक सरकारी चैनल पर उनका यह भाषण प्रसारित हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इराक में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हवाई हमलों के बीच यह हादसा हुआ था, जिसमें विमान में सवार सभी 176 यात्री मारे गए थे। ईरान के सशस्त्र बलों ने कहा कि इराक के दो सैन्य अड्डों पर ईरान द्वारा किए गए बैलिस्टिक मिसाइल हमले के बाद पनपे तनाव के मद्देनजर उन्होंने यात्री विमान को गलती से खुद के लिए खतरा मान लिया था।
ईरान ने बगदाद में अमेरिकी हवाई हमले में मारे गए अपने शीर्ष जनरल कासिम सुलेमानी की हत्या का बदला लेने के लिए इराक के सैन्य अड्डों पर हमला किया था, जहां अमेरिकी सैनिकों की मौजदूगी थी।
इससे पहले ईरान के राष्ट्रपति हसन रूहानी ने कहा था, 'मानवीय गलती के कारण गलती से यूक्रेनी विमान को मिसाइल ने निशाना बनाया। इसके कारण विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया और 176 लोगों की जान चली गई। इस त्रासदी और अक्षम्य गलती की जांच जारी रहेगी और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ मुकदमा चलाया जाएगा।'
हालांकि ईरान कई दिनों तक अपनी मिसाइल से विमान गिराए जाने की बात नकारता रहा। मगर अमेरिका और कनाडा ने खुफिया जानकारी के हवाले से कहा था कि ईरान ने विमान को गिराया है। विमान ने यू्क्रेन की राजधानी कीव के लिए उड़ान भरी थी। इसमें 167 यात्री और विभिन्न देशों के नौ क्रू सदस्य शामिल थे। अधिकारियों के अनुसार विमान में 82 ईरानी, लगभग 63 कनाडियन और 11 यूक्रेनियन सवार थे।
विमान को समझा क्रूज मिसाइल, 10 सेकंड में लेना था फैसला
हादसे में अपनों को गंवाने का दुख भुलाना हो रहा मुश्किल
- फोटो : PTI
ब्रिगेडियर जनरल आमिर अली ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि बोइंग 737 को गलती से अमेरिका की क्रूज मिसाइल समझ लिया गया और फैसला लेने के लिए महज 10 सेकेंड का ही समय था। उन्होंने यह भी दावा किया कि इस चीज की कोशिश भी की गई कि उस समय आसमान को साफ रखा जाए और यात्री विमान को उड़ने की इजाजत न दी जाए। मगर कुछ आपत्तियों के चलते ऐसा नहीं हो सका।