US: अप्रवासियों के निर्वासन में बाइडन से काफी पीछे ट्रंप, जो के मुकाबले राष्ट्रपति का आंकड़ा औसतन 20 हजार कम
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक ओर अप्रवासियों को देश से निर्वासित करने पर जोर दे रहे हैं। लेकिन अमेरिका से अब तक निर्वासित किए गए लोगों का आंकड़ा पूर्व राष्ट्रपति बाइडन से काफी कम है। डोनाल्ड ट्रंप ने अपने कार्यकाल के पहले महीने में 37660 लोगों को निर्वासित किया। जबकि बाइडन प्रशासन ने मासिक तौर पर 57700 लोगों को निष्कासन किया था।
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अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक ओर अप्रवासियों को देश से निर्वासित करने पर जोर दे रहे हैं। लेकिन अमेरिका से अब तक निर्वासित किए गए लोगों का आंकड़ा पूर्व राष्ट्रपति बाइडन के कार्यकाल से काफी कम है। डोनाल्ड ट्रंप ने अपने कार्यकाल के पहले महीने में 37660 लोगों को निर्वासित किया। जबकि बाइडन प्रशासन ने अपने अंतिम वर्ष में मासिक तौर पर 57700 लोगों को निष्कासन किया था।
ट्रंप प्रशासन के एक अधिकारी ने बताया कि आने वाले महीनों में निर्वासितों की संख्या में इजाफा होगा। ट्रंप प्रशासन ने अप्रवासियों की गिरफ्तारी और निष्कासन के लिए नए रास्ते खोले हैं। डीएचएस की प्रवक्ता ट्रिसिया मैकलॉघलिन ने कहा कि अवैध आव्रजन बढ़ने से बाइडन के समय में निर्वासितों की संख्या में इजाफा हुआ था।
सीमा सुरक्षा अधिकारी टॉम होमन ने बताया कि ट्रंप के कार्यकाल के पहले तीन सप्ताह में ICE ने लगभग 14 000 लोगों को गिरफ्तार किया। यह संख्या पिछले साल के औसत से दोगुनी है। बताया गया मत गिरफ्तारियां प्रतिदिन लगभग 800-1200 तक बढ़ गईं। इसके बाद हिरासत केंद्र भर जाने तथा अधिकारियों द्वारा स्वदेश लौटने वाले शहरों को लक्ष्य बनाने के कारण इसमें कमी आ गई।
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फरवरी के आंकड़ों के अनुसार 19,000 बंदियों को ICE ने गिरफ्तार किया। जबकि लगभग 22,000 को अमेरिकी सीमा अधिकारियों ने हिरासत में लिया। गिरफ्तार किए गए 19,000 लोगों में से लगभग 2,800 का कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं था। यह आंकड़ा जनवरी के मध्य में ट्रंप के पदभार ग्रहण करने से पहले 858 से अधिक था।
अब ट्रंप ने बिना आपराधिक रिकॉर्ड वाले प्रवासियों की गिरफ्तारी को आसान बनाने और अंतिम निर्वासन आदेश लोगों को हिरासत में लेने के लिए नए नियम बनाए हैं। ट्रंप प्रशासन गिरफ्तारी और जांच में सहायता के लिए ICE की जांच शाखा, न्याय विभाग, IRS और विदेश विभाग से एजेंटों को भी बुला रहा है। बताया जा रहा है कि ये जांच एजेंट उन नियोक्ताओं पर नकेल कसने में मदद करेंगे जो बिना कानूनी दर्जे के श्रमिकों को काम पर रखते हैं तथा ऐसे लोगों पर भी जो अंतिम निर्वासन आदेश प्राप्त कर चुके हैं।
अप्रवासन अध्ययन केंद्र की नीति निदेशक जेसिका वॉन ने कहा कि ये सभी कठिन मामले हैं। कार्यस्थल संचालन के मामले में बहुत सारी योजनाएं बनानी होंगीं और उससे पहले कुछ जांच करनी होंगी। साथ ही इसमें बहुत समय लगेगा। शुरुआती कुछ महीनों में यह एक सुपरटैंकर को घुमाने जैसा होगा।
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राष्ट्रपति चुनाव जीतने के बाद ही डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका से करीब 1.1 करोड़ अवैध अप्रवासियों को निर्वासित करने की बात कही थी। इसके बाद अमेरिकी सेना ने लैटिन अमेरिकी देशों में अवैध अप्रवासियों को लेकर छह उड़ानें भरी। ट्रंप ने अप्रवासियों पर शिकंजा कसने के लिए सेना का भरपूर इस्तेमाल किया। सैन्य उड़ानें निर्वासितों को लेकर ग्वाटेमाला, होंडुरास, पनामा, इक्वाडोर, पेरू और भारत समेत कई देशों में लेकर गईं।
विदेश विभाग ने घोषित किए आतंकी संगठन
बुधवार को अमेरिकी विदेश विभाग ने वेनेजुएला के ट्रेन डे अरागुआ और सात अन्य आपराधिक गिरोहों और कार्टेलों को आतंकी संगठन घोषित किया था। अमेरिकी आव्रजन कानून के तहत आतंकी घोषित किए गए कथित गिरोह के सदस्यों और समूहों से जुड़े लोगों को आसानी से निर्वासित किया जा सकता है।
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