भारत आतंकवाद के सभी स्वरूपों की निंदा करता है : राष्ट्रपति
राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने भारत की तरफ से इस्राइल-फलस्तीन के बीच जारी हिंसा पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि भारत हर तरह के आतंकवाद की निंदा करता है।
उन्होंने कहा कि भारत हमेशा से विवादों के शांतिपूर्ण समाधान का पक्षधर रहा है। महामहिम ने इस्राइली राष्ट्रपति रूवेन रिवलिन के सरकारी निवास पर स्वागत समारोह के दौरान यह बात कही। राष्ट्रपति ने कहा, ‘हम हाल की हिंसा से व्यथित हैं।
भारत आतंकवाद के सभी स्वरूपों की निंदा करता है। हम हमेशा से विवादों के शांतिपूर्ण समाधान के पक्षधर रहे हैं।’ वहीं, दूसरी तरफ इस्राइली मीडिया में भारत की आलोचना हो रही है कि वह फलस्तीनी आतंकवाद के खिलाफ कुछ नहीं बोले।
मंगलवार को इस्राइल में आतंकवादियों ने तीन लोगों की हत्या कर दी। इनमें से एक शख्स की हत्या एक बस स्टैंड पर चाकुओं से गोद कर की गई।
डॉक्टरेट की मानद उपाधि से नवाजे जाऐंगे राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी
राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने बुधवार को इस्राइली संसद को भी संबोधित किया। उन्होंने कहा कि वह इस्राइल की संसद को संबोधित करने वाले पहले राष्ट्रपति बनकर गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं।
उन्होंने कारगिल युद्ध के दौरान इस्राइल द्वारा भारत को दिए सहयोग के लिए आभार जताया और कहा कि दोनों देशों के संबंधों की गति सकारात्मक है। हालांकि उन्होंने फलस्तीन से इस्राइल के विवाद पर कुछ नहीं कहा। उन्होंने कहा कि यहूदी लगभग 2000 से अधिक वर्षों पहले भारत आए थे और वह हमेशा भारत के समग्र समाज का एक अभिन्न हिस्सा रहे हैं।
उन्होंने कृषि के क्षेत्र में अपने तकनीकी विकास की प्रशंसा की और दोनों देशों के बीच सहयोग पर बल दिया।
दूसरी ओर हिब्रू विश्वविद्यालय उन्हें डॉक्टरेट की मानद उपाधि देने जा रहा है। दिलचस्प बात यह है कि हिब्रू विश्वविद्यालय अंग्रेजी रोब पहनने को नहीं मानता और पारंपरिक वेशभूषा में ही डिग्री प्रदान की दी जाती है।