अब फ़्रांस ने भेजीं संभावित मलबे की नई तस्वीरें
मलेशिया का कहना है कि फ़्रांस ने उसे लापता विमान के 'संभावित मलबे' की नई तस्वीरें भेजी हैं। ये तस्वीरें उपग्रह से खींची गई हैं। तस्वीरों में हिंद महासागर के दक्षिणी हिस्से में मलबे जैसा कुछ नज़र आया है, जिसका संबंध लापता विमान से हो सकता है।
कई देशों के विमान और जलपोत इस लापता विमान की तलाश में जुटे हैं। ऑस्ट्रेलिया इस तलाशी अभियान के लिए विभिन्न देशों के साथ तालमेल बैठा रहा है।
ऑस्ट्रेलियन मेरीटाइम सेफ्टी अथॉरिटी के माइक बार्टन ने कहा है कि उनके दल के एक सदस्य को लकड़ी के पटरे जैसा कुछ तैरता हुआ दिखाई दिया है।
नजर आया संभावित मलबा
उन्होंने बताया, "लकड़ी के एक पटरे जैसी कुछ अन्य चीज़ें नज़र आई हैं। इनके आसपास कुछ बेल्ट नज़र आए हैं, जो अलग-अलग रंग और अलग-अलग लंबाई के हैं।
इनका संबंध किसी विमान से हो सकता है। यह एक संभावित सुराग है, लेकिन इसकी पुष्टि करनी होगी क्योंकि इस तरह के पटरों का इस्तेमाल पानी के जहाज़ों में भी होता है।"
हिंद महासागर के दक्षिण हिस्से में मलेशियाई विमान के संभावित मलबे की ये तीसरी तस्वीरें हैं। मलेशियाई अधिकारियों का मानना है कि विमान को जानबूझकर रास्ते से मोड़ा गया था।
हिंद महासागर में तलाश
उपग्रह से मिली जानकारी के मुताबिक़ लापता विमान के मलबे की तलाश दो अलग-अलग हवाई रास्तों पर मलाका की खाड़ी के पश्चिमोत्तर से लेकर दक्षिण-पश्चिम तक की जा रही है।
हालांकि पूर्वोत्तर हवाई रास्ते पर मौजूद किसी देश ने लापता विमान से किसी तरह के राडार संपर्क से इनकार किया है। दक्षिणी हिंद महासागर में मिले संभावित मलबे की तस्वीरों के बाद इस क्षेत्र में खोज अभियान केंद्रित हो गया है।
मलेशिया के परिवहन मंत्रालय की तरफ़ से फ़ेसबुक पर जारी एक वक्तव्य में कहा
गया, "इस सुबह मलेशिया को फ़्रांसीसी अधिकारियों की तरफ़ से दक्षिणी
क्षेत्र से उपग्रह से खींची गई नई तस्वीरें भेजी गई हैं, जिनका संबंध विमान से हो सकता है।"
मलेशियन एयरलाइंस की उड़ान संख्या एमएच-370
का विमान पिछले आठ मार्च को कुआलालंपुर से बीजिंग जाते समय लापता हो गया
था। इस विमान में 239 यात्री सवार थे। इनमें सर्वाधिक संख्या चीन के
यात्रियों की है।