फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Rest of World ›   maldives crisis: way maldives not included india and Sends Envoys To Friendly Nations

मालदीव ने 'मित्र देशों' से मांगी मदद, भारत को किया नजर अंदाज

Thu, 08 Feb 2018 05:30 PM IST
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Updated Thu, 08 Feb 2018 05:30 PM IST
विज्ञापन
maldives crisis: way maldives not included india and Sends Envoys To Friendly Nations
मालदीव में चल रही तमाम गतिरोधों के बीच राष्ट्रपति अब्दुल्ला यामीन ने दोस्त देशों से मदद की गुहार लगाई है और विशेष दूत भी भेजे हैं। मालदीव ने अपने विशेष दूत चीन, पाकिस्तान और सऊदी अरब भेजे हैं। इन सबके बीच चौंकाने वाली खबर ये है कि मालदीव के दोस्त माने जाने वाले भारत से कोई संपर्क नहीं साधा है। 
विज्ञापन


ये हाल तब हैं जब भारत हमेशा से मालदीव का समर्थक रहा है। बता दें कि मालदीव ने चीन, पाकिस्तान और सऊदी अरब को दोस्त मानते हुए वहां विशेष दूत भेजे हैं और उनसे कहा है कि तीनों देशों को मालदीव के हालात की जानकारी दें।
विज्ञापन


मालदीव ने यह बातें तब बताईं जब चीन ने धमकी देते हुए कहा कि भारत के मालदीव में दखल देने से वहां के हालात और बिगड़ेंगे। बता दें इससे पहले खबरें थीं कि मालदीव के बर्खास्त राष्ट्रपति मोहम्मद नाशीद ने भारत से सैन्य मदद मांगी है। 

विज्ञापन
विज्ञापन

देश में प्रेसिडेंट यामीन का विरोध हो रहा था

maldives crisis: way maldives not included india and Sends Envoys To Friendly Nations
मालदीव के पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद नशीद
बता दें कि पिछले दिनों आपातकाल घोषित किए जाने के पहले से ही देश में प्रेसिडेंट यामीन का विरोध हो रहा था। इसके चलते उन्होंने 5 फरवरी को देश में 15 दिन के लिए इमरजेंसी लगा दी थी।


 ऐतिहासिक रूप से महाद्वीप में हो रही हलचल के बाद भारत और चीन दोनों की नजर मालदीव पर टिकी है और  भारत ने मालदीव में चीन के बढ़ते प्रभाव से पीछे हटने की मांग की थी लेकिन यामीन ने अपनी दोस्ती चीन और सऊदी अरब से बढ़ाई है क्योंकि दोनों देशों ने इस महाद्वीप में बहुत निवेश किया है।


 इस बात को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता क्यों मालदीव इनदिनों सभी की आंख का तारा बना हुआ है क्योंकि वो हिंद महासागर में वहां स्थित है उसपर भारत, चीन सहित कई देशों की नजर है।

 बता दें कि मालदीव संकट तब और बढ़ गया जब यामीन ने सुप्रीम कोर्ट द्वारा पूर्व राष्ट्रपति नाशीद की रिहाई के साथ नौ अन्य विपक्षी नेताओं को रिहा करने के आदेश दे दिया था। उसके बाद राष्ट्रपति यामीन ने सुप्रीम कोर्ट के पांच जज सहित सभी को गिरफ्तार करने का निर्देश जारी कर दियाथा। बता दें कि निष्कासित राष्ट्रपति नाशीद पहले लोकतांत्रिक तरीके से चुने गए नेता थे। 
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed