पाकिस्तान बोला, US अब महाशक्ति नहीं, कश्मीर पर चीन-रूस से उम्मीद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के दूत ने अमेरिका को घटती शक्ति करार दिया है। साथ ही कहा है कि अगर अमेरिका कश्मीर एवं भारत के संबंध में पाकिस्तान के विचारों को तवज्जो नहीं देता है तो उनका देश चीन और रूस की ओर रुख करेगा। कश्मीर मुद्दे पर नवाज शरीफ के विशेष दूत मुशाहिद हुसैन सैयद ने बुधवार को कहा कि अमेरिका अब वैश्विक शक्ति नहीं है। अब वह घटती हुई शक्ति है। उसके बारे में भूल जाओ।
उन्होंने ये विचार अमेरिका के शीर्ष वैचारिक मंच में शामिल ‘अटलांटिक काउंसिल‘ में चर्चा के समापन के बाद व्यक्त किए। मुशाहिद हुसैन सैयद और शरीफ के एक अन्य दूत शाजरा मंसब कश्मीर में मौजूदा हालात और घाटी में कथित मानवाधिकार उल्लंघन की ओर वैश्विक समुदाय का ध्यान आकर्षित करने के पाकिस्तानी प्रयासों के तहत इस समय अमेरिका में हैं।
विश्व समुदाय को पाकिस्तान के पक्ष में करने की कोशिश में लगे
वे वहां विश्व समुदाय को पाकिस्तान के पक्ष में करने की कोशिश में लगे हुए हैं। इस बीच, सैयद ने अमेरिका को चेतावनी दी है कि यदि वह कश्मीर और भारत के संबंध में पाकिस्तान के विचारों को तवज्जो नहीं देता है तो पाक चीन और रूस की ओर का रख करेगा। उन्होंने 90 मिनट की चर्चा के समापन के बाद दर्शकों में से किसी एक सदस्य के प्रश्न का उत्तर देते हुए यह बात कही।
इस चर्चा के दौरान उन्होंने कश्मीर एवं भारत पर उनके विचारों पर किसी तरह की प्रतिक्रिया नहीं मिलने पर निराशा व्यक्त की। हालांकि सैयद की इस टिप्पणी को कैमरे में रिकार्ड नहीं किया गया, लेकिन कक्ष के भीतर मौजूद लोगों ने इसे स्पष्ट रूप से सुना।
इसके तत्काल बाद सैयद चीन और रूस के साथ बने नए संबंध के मुद्दे पर चर्चा करने लगे। सैयद ने अफगानिस्तान और पाकिस्तान के लिए अमेरिका के विशेष प्रतिनिधि रिचर्ड ओलसन को एक डोजियर सौंपा है, जिसमें तथाकथित तौर पर कश्मीर में मानवाधिकार के उल्लंघन का आरोप लगाया गया है।