चीन की धमकी, हांगकांग में हालात काबू में न रहे तो खामोश नहीं रहेंगे
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चीनी राज्य परिषद के हांगकांग-मकाओ मामलों के दफ्तर व हांगकांग स्थित केंद्र सरकार ने एक बैठक में प्रदर्शनकारियों की मौजूदा स्थितियों को सबसे गंभीर माना है। चीन ने प्रदर्शन कर रहे लोगों को धमकाया है कि वे केंद्र सरकार को कमतर आंकने की भूल न करें। यदि हांगकांग में हालात काबू में नहीं रहे तो केंद्र न तो हम खामोश रहेगा और न हाथ पर हाथ धरे नहीं बैठा रहेगा।
हांगकांग स्थित केंद्र सरकार के प्रमुख चांग श्याओ मिंग ने कहा कि केंद्र मौजूदा हालातों को सबसे बड़ी प्राथमिकता मानता है। इस बैठक में व्यावसायिक मंडलों के नेता समेत कुल साढ़े पांच सौ लोग मौजूद रहे। चांग ने स्वीकार किया कि हांगकांग के हालात आपातकाल की कगार पर खड़े हैं। बैठक में भाग ले रहे हांगकांग के प्रतिनिधियों ने अपील की कि प्रदर्शनकारी लोगों को चाहिए कि वे सरकार और पुलिस का समर्थन करें, ताकि हालातों पर काबू पाया जा सके। चीनी पक्ष के पदाधिकारी ने जोर देकर कहा कि चीन की अपनी प्रभुसत्ता और हांगकांग की समृद्धि को बनाए रखने के लिए अडिग है।
प्रदर्शनकारियों को न भड़काएं : चीन
चीन ने अमेरिका की तरफ इशारा करते हुए कहा है कि वह किसी भी देश, संगठन और व्यक्ति द्वारा हांगकांग मामलों में दखल करने का विरोध करता है। चीन ने हांगकांग स्थित अमेरिकी कांउसुलेट से वियना राजनयिक संबंध संधि के वैश्विक मानकों का पालन करने की मांग करते हुए अमेरिका को चेताया कि वह हांगकांग में हंगामा भड़काने वालों के साथ सीमा तय करे और प्रदर्शनकारियों को गलत संदेश न भेजे।
अमेरिका ने चेतावनी का स्तर बढ़ाया
अमेरिकी सरकार ने हांगकांग में लोकतंत्र समर्थक प्रदर्शनों के चलते हिंसा बढ़ने के कारण बृहस्पतिवार को अपने नागरिकों को चीन के इस शहर में जाने को लेकर अपनी चेतावनी का स्तर बढ़ा दिया है। विदेश मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को दूसरे स्तर का यात्रा परामर्श जारी करते हुए हांगकांग में असैन्य अशांति के कारण अपने नागरिकों से ज्यादा सतर्कता बरतने का आग्रह किया। साथ ही विदेश मंत्रालय ने अपने नागरिकों से प्रदर्शनों से बचने तथा भारी भीड़ या प्रदर्शनों वाले इलाके में अचानक पहुंचने पर सतर्कता बरतने का अनुरोध किया।