US: अंतरिक्ष में चीन से मुकाबले के लिए साथ आएंगे भारत-अमेरिका? व्हाइट हाउस ने कहा- ज्यादा जानकारी नहीं दे सकते
दोनों देशों के बीच भविष्य के लिए अहम और उभरती हुई तकनीक और आर्टिफिशियल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में सहयोग करने पर सहमति बनी थी। माना जा रहा है कि पीएम मोदी के आगामी अमेरिका दौरे पर इस क्षेत्र में भी कुछ अहम समझौतों पर हस्ताक्षर होने की उम्मीद है।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 21 जून से अमेरिका दौरे पर रहेंगे। दोनों देशों के रिश्तों के लिहाज से इस दौरे को काफी अहमियत दी जा रही है। अब व्हाइट हाउस ने बताया है कि पीएम मोदी के आगामी दौरे पर किन-किन मुद्दों पर बात होगी और किस मुद्दे पर सबसे ज्यादा फोकस रहेगा। व्हाइट हाउस के बयान के मुताबिक दोनों देशों के प्रमुखों के बीच हिंद-प्रशांत महासागर क्षेत्र की समृद्धि और सुरक्षा के मुद्दे पर अहम बातचीत हो सकती है। बता दें कि चीन के खतरे को देखते हुए भारत और अमेरिका हिंद प्रशांत क्षेत्र पर खासा फोकस कर रहे हैं।
चीन की बढ़ती चुनौती से निपटने की तैयारी
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरीन जीन पिएरे ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति जो बाइडन दोनों देशों के रिश्तों को मजबूत करने पर चर्चा करेंगे। इसमें मुक्त, समृद्ध और सुरक्षित हिंद प्रशांत महासागर क्षेत्र में रणनीतिक साझेदारी को भी मजबूत करने पर बात होगी। रक्षा क्षेत्र को लेकर भी बात होगी। पिएरे ने बताया कि जल्द ही पीएम मोदी के दौरे को लेकर अन्य जानकारी भी साझा की जाएगी।
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अंतरिक्ष और अक्षय ऊर्जा के क्षेत्र में बढ़ेगा सहयोग
व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव ने बताया कि अक्षय ऊर्जा और अंतरिक्ष के क्षेत्र में भी बातचीत होगी। हालांकि,उन्होंने इसे लेकर ज्यादा जानकारी देने से इनकार कर दिया और कहा कि पीएम मोदी के दौरे के करीब आने के साथ ही हमारे पास इसे लेकर ज्यादा जानकारी होगी। माना जा रहा है कि रक्षा क्षेत्र के साथ अमेरिका अब अंतरिक्ष में भी चीन की चुनौतियों पर खास ध्यान दे रहा है। इसी के चलते वह अपनी अंतरिक्ष एजेंसी नासा और भारत की इसरो के बीच समन्वय बिठाने की कोशिश में है।
गौरतलब है कि पीएम मोदी और जो बाइडन के बीच इंडोनेशिया में द्विपक्षीय बातचीत हुई थी। उस बैठक में दोनों देशों के बीच भविष्य के लिए अहम और उभरती हुई तकनीक और आर्टिफिशियल टेक्नोलॉजी के क्षेत्र में सहयोग करने पर सहमति बनी थी। माना जा रहा है कि पीएम मोदी के आगामी अमेरिका दौरे पर इस क्षेत्र में भी कुछ अहम समझौतों पर हस्ताक्षर होने की उम्मीद है।
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बता दें कि पीएम मोदी, अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन और प्रथम महिला जिल बाइडन के बुलावे पर 21 जून से 24 जून तक अमेरिका के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह 22 जून को अमेरिकी संसद को संयुक्त सत्र को संबोधित भी करेंगे। अमेरिकी संसद के संयुक्त सत्र को दो बार संबोधित करने वाले पीएम मोदी देश के पहले नेता होंगे। बता दें कि इससे पहले साल 2016 में भी अपने अमेरिका दौरे पर पीएम मोदी वहां की संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित कर चुके हैं।