पाक कोर्ट ने मुंबई हमले में प्रयोग किए गए जहाज की जांच की अनुमति दी
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मुंबई आतंकी हमला मामले के अभियोजन प्रमुख चौधरी अजहर ने कहा, ‘इस्लामाबाद हाईकोर्ट ने मुंबई हमला मामले में ट्रायल कोर्ट (आतंक-रोधी कोर्ट) के फैसले को अलग कर दिया है। इस फैसले में कहा गया था कि मुंबई आतंकी हमले के लिए प्रयोग किए गए अल-फौज जहाज की जांच के लिए आयोग को कराची भेजने की अनुमति नहीं दी गई थी।’
अजहर के अनुसार, हाईकोर्ट ने ट्रायल कोर्ट के निर्णय को ‘दोषपूर्ण और कानून के अनुसार नहीं होना’ बताया है। अभियोजन पक्ष ने मई में ट्रायल कोर्ट के उस याचिका को खारिज करने के निर्णय को चुनौती दी थी जिसमें अल-फौज जहाज की जांच के लिए आयोग गठित करने की गुहार की गई थी।
अल-फौज अभी कराची में पाकिस्तानी प्राधिकरण के अधिकार में है जहां से एके-47 से लैस दस आतंकी मुंबई हमले को अंजाम देने भारत के लिए रवाना हुए थे।
कोर्ट के एक अन्य अधिकारी ने कहा, ‘ट्रायल कोर्ट संभवत: अल-फौज की जांच के लिए अदालत के अधिकारियों को भेजेगा क्योंकि इस उद्देश्य से आयोग बनाने का उसे कोई निर्देश नहीं मिला है। ट्रायल कोर्ट सात सितंबर की सुनवाई में जहाज की जांच के लिए अधिकारियों को नामित करेगा।’
बुधवार को रावलपिंडी के अदियाला जेल में ट्रायल कोर्ट ने मुंबई हमला मामले की सुनवाई की थी। अदालत ने सूचित किया कि उसे भारत से 24 गवाहों को बयान देने के लिए भेजने के संदर्भ में अभी तक कोई जवाब नहीं मिला है।