तक्षशिला को 'प्राचीन पाकिस्तान' का हिस्सा बता बुरे फंसे पाक के राजदूत, ट्विटर पर लगी क्लास
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भारत को घेरने के लिए पाकिस्तान ऐसी-ऐसी चालें चलता है, जिनकी वजह से उसकी खुद ही फजीहत हो जाती है। ऐसा ही एक और मामला सामने आया है, जो प्राचीन भारत के ऐतिहासिक तक्षशिला विश्वविद्यालय से जुड़ा हुआ है।
दरअसल, वियतनाम में पाकिस्तान के राजदूत कमर अब्बास खोकर ने प्राचीन भारत की शान माने जाने वाले तक्षशिला विश्वविद्यालय को 'प्राचीन पाकिस्तान' का हिस्सा बता दिया। पाकिस्तानी राजदूत के इस चौंकाने वाले दावे के बाद ट्विटर पर उनकी क्लास लग गई। हालांकि, जिस अकाउंट से ट्वीट किया गया है, वो वेरिफाइड नहीं है। लेकिन यह ट्वीट तेजी से वायरल हो रहा है।
पाकिस्तानी राजदूत खोखर ने ट्वीट किया, 'तक्षशिला विश्वविद्यालय की यह तस्वीर है जो फिर से बनाई गई है, यह यूनिवर्सिटी प्राचीन पाकिस्तान में आज से 2700 साल पहले इस्लामाबाद के पास मौजूद थी। इस विश्वविद्यालय में दुनिया के 16 देशों के छात्र 64 अलग-अलग विषयों में उच्चशिक्षा ग्रहण करते थे जिन्हें पाणिनी जैसे विद्वान पढ़ाते थे।'
An aerial, reconstructed view of Taxila (Takshashila) University, which existed in ancient #Pakistan 🇵🇰 2700 years ago near today's #Islamabad. Over 10,500 students from 16 countries studied 64 different disciplines of higher studies taught by scholars like Panini.
📸 @hannan021 pic.twitter.com/xRC5mdkb6g — Qamar Abbas Khokhar (@mqakhokhar) December 13, 2020
एक अन्य ट्वीट में पाकिस्तानी राजदूत ने इस झूठे दावे के साथ आगे लिखा, 'दुनिया के पहले भाषाविद् पाणिनी और दुनियाभर में बहुचर्चित राजनीतिक दार्शनिक चाणक्य दोनों ही प्राचीन पाकिस्तान के बेटे थे।' इसके अलावा उन्होंने अपनी फर्जी बात को सच साबित करने के लिए दो वीडियो भी साझा किए।
हालांकि, ट्वीट के वायरल होते ही राजदूत के इस दावे को लेकर ट्विटर पर उनकी क्लास लगना शुरू हो गई। थोड़ी ही देर में ट्विटर पर #ancientpakistan ट्रेंड करने लगा। एक यूजर ने राजदूत के ट्वीट पर जवाब दिया, '2700 साल पहले ना तो इस्लाम था और ना ही पाकिस्तान, प्राचीन पाकिस्तान की बात को छोड़ दीजिए। तक्षशिला शब्द उर्दू नहीं है और पाणिनी ब्राह्मण थे। यह पूरा हिस्सा भारतीय उपमहाद्वीप के अंदर था। मुझे हंसी आ रही है कि कैसे ये लोग अपने नागरिकों को पागल बनाते हैं।'
2700 yrs back neither Islam was there nor Pakistan, let alone ancient Pakistan. The word Takshashila is not an urdu one & Panini was a Brahmin btw. It was an Indian subcontinent all along. Just laughing how these stupid ppl fooling their own citizens. #MondayThoughts https://t.co/dLCfUVmSGj
— Shatrunjay (@vatsalkotia) December 14, 2020
वहीं, एक अन्य यूजर ने जवाब दिया, 'उस समय कोई प्राचीन पाकिस्तान नहीं था। 14-15 अगस्त,1947 से पहले कोई पाकिस्तान नहीं था, 2700 साल पहले की बात तो रहने दीजिए। पाणिनी और चाणक्य ने तक्षशिला विश्वविद्यालय में पढ़ाया था।'