{"_id":"5ea6e0cad2dbf707f14c2833","slug":"pakistan-anti-graft-body-issues-arrest-warrant-against-nawaz-sharif-in-land-related-corruption-case","type":"story","status":"publish","title_hn":"पाकिस्तान: नवाज शरीफ की मुश्किल बढ़ी, भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तारी वारंट जारी","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
पाकिस्तान: नवाज शरीफ की मुश्किल बढ़ी, भ्रष्टाचार के मामले में गिरफ्तारी वारंट जारी
Mon, 27 Apr 2020 07:10 PM IST
योगेश साहू
पीटीआई, लाहौर।
पीटीआई, लाहौर।
Published by: योगेश साहू
Updated Mon, 27 Apr 2020 07:10 PM IST
विज्ञापन
नवाज शरीफ
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। जमीन से संबंधित भ्रष्टाचार के एक मामले में नवाज शरीफ के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी हो गया है। पड़ोसी मुल्क की भ्रष्टाचार निरोधक इकाई ने यह वारंट जारी किया है।
विज्ञापन
जानकारी के अनुसार, पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज के प्रमुख शरीफ (70) अभी लंदन में अपना इलाज करा रहे हैं। राष्ट्रीय जवाबदेही ब्यूरो (एनएबी) के अधिकारियों ने बताया कि शरीफ ने जंग समूह के प्रधान संपादक मीर शकीलुर रहमान को 1986 में गैरकानूनी तरीके से जमीन पट्टे पर दी थी, उस समय शरीफ पंजाब प्रांत के मुख्यमंत्री थे।
विज्ञापन
एनएबी के एक अन्य अधिकारी ने बताया कि जंग/जिओ समूह के प्रधान संपादक मीर शकीलुर रहमान से जुड़े जमीन के मामले में पीएमएल-एन के प्रमुख नवाज शरीफ के खिलाफ एनएबी ने गिरफ्तारी वारंट जारी किया है। शरीफ को नोटिस और प्रश्नावली भेजी गई है। लेकिन उनकी ओर से अभी तक कोई जवाब नहीं मिला है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि पाकिस्तान के तीन बार प्रधानमंत्री रह चुके शरीफ के खिलाफ भ्रष्टाचार के कई मामले हैं। अधिकारी ने यह भी बताया कि एनएबी जांच में असहयोग को लेकर शरीफ को भगोड़ा घोषित करने की मांग को लेकर जवाबदेही अदालत का रुख करेगी।
वहीं समाचार पत्र ‘डॉन’ की खबर के अनुसार एनएबी ने एक महीने पहले 27 मार्च को शरीफ को प्रश्नावली भेजी थी और उन्हें अपना बयान दर्ज कराने के लिए 31 मार्च को ब्यूरो कार्यालय में तलब भी किया था। एनएबी के लाहौर कार्यालय ने भी 15 मार्च को ब्यूरो के समक्ष 20 मार्च को पेश होने के लिए तलब किया था, लेकिन शरीफ की ओर से कोई जवाब नहीं मिला।
बता दें कि लाहौर उच्च न्यायालय ने नवाज शरीफ को इलाज के लिए चार सप्ताह के लिए विदेश जाने की अनुमति दी थी, इसके बाद से ही वह पिछले नवम्बर में लंदन रवाना हो गए थे।