Nepal Protests: नेपाल के राजशाही समर्थक प्रदर्शनों में 20 से अधिक घायल, एक भारतीय भी शामिल, बिहार का निवासी
- नेपाल के राजशाही समर्थक प्रदर्शनों में कई घायल।
- 20 लोगों में एक भारतीय भी शामिल।
- आंदोलन वाले दिन प्रदर्शनकारियों ने गोलियां भी चलाई थीं।
- बिहार के रहने वाले पोद्दार को तीन गोलियां मारी गई थीं।
विस्तार
राजशाही की बहाली की मांग पर काठमांडो में राजशाही समर्थक प्रदर्शनों के दौरान गोली लगने से घायल हुए 20 लोगों में एक 22 वर्षीय भारतीय भी शामिल है। बिहार के समस्तीपुर के प्रिंस कुमार पोद्दार को उस समय तीन बार गोली मारी गई, जब वह भक्तपुर जिले के बालकोट में अपनी दुकान से लौट रहे थे। मूल रूप से बिहार के रहने वाले पोद्दार पिछले कुछ सालों से टेकू में किराए के कमरे में रह रहे हैं। उन्हें पिछले शुक्रवार को इलाज के लिए ललितपुर जिले के पाटन अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
लगभग 8 किलोमीटर पैदल चलना पड़ा
उनके परिवार के एक सूत्र ने कहा कि उन्होंने पहले अपनी मां को घटना की जानकारी देने के लिए फोन किया, लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो सका। बाद में उन्होंने अपने चाचा को फोन किया, जो काठमांडो में ही रहते हैं और अस्पताल पहुंचे। पोद्दार ने बताया, आंदोलन के कारण उस समय कोई वाहन नहीं चल रहा था, इसलिए मुझे टेकू में अपने कमरे तक लगभग 8 किलोमीटर पैदल चलना पड़ा।
आठ दिन के इलाज पर 70 हजार का बिल आया
पहले से बेहतर महसूस कर रहे पोद्दार ने कहा, जल्द ही व अस्पताल से डिस्चार्ज हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि अस्पताल ने उन्हें आठ दिनों के इलाज के लिए लगभग 70,000 रुपये का बिल थमा दिया, जिसमें दवाइयां भी शामिल हैं। उनकी मां ने कहा, हम एक छोटी सी दुकान चलाते हैं और उनके पिता साइकिल पर प्लास्टिक का सामान बेचते हैं। परिवार के लिए पैसे का प्रबंध करना बहुत मुश्किल है। हालांकि, सरकार ने पोद्दार के मेडिकल बिल का भुगतान करने की घोषणा की है, लेकिन उनकी मां ने कहा कि अभी तक कोई वित्तीय सहायता प्रदान नहीं की गई है।