{"_id":"6736b0df7498f65abf069497","slug":"kim-jong-un-orders-mass-production-of-suicide-attack-drones-news-in-hindi-2024-11-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"N. Korea: किम जोंग ने इस खास तरह के ड्रोन के निर्माण का दिया आदेश, जमीन-समुद्र में हमलों के लिए हुआ डिजाइन","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
N. Korea: किम जोंग ने इस खास तरह के ड्रोन के निर्माण का दिया आदेश, जमीन-समुद्र में हमलों के लिए हुआ डिजाइन
Fri, 15 Nov 2024 07:54 AM IST
श्वेता महतो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्योंगयांग
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्योंगयांग
Published by: श्वेता महतो
Updated Fri, 15 Nov 2024 07:54 AM IST
सार
मीडिया एजेंसी ने कहा कि सुसाइड ड्रोनों का इस्तेमाल अलग-अलग स्ट्राइकिंग रेंज में किया जाता है, जिससे जमीन या समुद्र में दुश्मन के किसी भी लक्ष्य पर सटीक निशाना लगाया जा सकता है।
विज्ञापन
किम जोंग उन
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
उत्तर कोरिया के नेता किम जोंग उन हथियार प्रणाली का परीक्षण देखने के एक दिन बाद ने बड़े पैमाने पर सुसाइड अटैक ड्रोन के उत्पादन का आदेश दिया। स्थानीय मीडिया ने शुक्रवार को इसकी जानकारी दी। किम जोंग ने अनमैन्ड एरियल टेक्नोलॉजू कॉम्प्लेक्स (यूएटीसी)द्वारा निर्मित भूमि और समूद्री दोनों पर हमला करने के लिए डिजाइन किए गए ड्रोन के परीक्षणों का निरीक्षण किया।
किम जोंग उन ने बड़े पैमाने पर सुसाइड अटैक ड्रोन के उत्पादन पर जोर दिया
कोरिया की स्शानीय मीडिया ने कहा, "उन्होंने (किम जोंग) जल्द से जल्द बड़े पैमाने पर सुसाइड अटैक ड्रोन के उत्पादन पर जोर दिया।" सुसाइड ड्रोन विस्फोटक ले जाने वाले मानवरहित ड्रोन हैं। इसे दुश्मन के ठिकानों पर गिराने के लिए डिजाइन किया जाता है। यह निर्देशित मिसाइलों के तौर पर काम करता है। प्योंगयांग ने पहली बार अगस्त में सुसाइड ड्रोन का अनावरण किया था। गुरुवार को हुए परीक्षण के बाद ड्रोन ने अरने निर्धारित मार्गों पर उड़ान भरने के बाद लक्ष्यों पर सटीक प्रहार भी किया।
मीडिया एजेंसी ने कहा, "सुसाइड ड्रोनों का इस्तेमाल अलग-अलग स्ट्राइकिंग रेंज में किया जाता है, जिससे जमीन या समुद्र में दुश्मन के किसी भी लक्ष्य पर सटीक निशाना लगाया जा सकता है।" इन ड्रोनों को लेकर उत्तर कोरिया के तानाशाह ने कहा कि इसे आसानी से इस्तेमाल किया जा सकता है। विशेषज्ञों ने बताया कि अगस्त में स्थानीय मीडिया द्वारा जारी की गई ड्रोन की तस्वीरों में इस्राइल के हारोप सुसाइड ड्रोन, रूस के लैंसेट-3 और इस्राइल के हीरो 30 के समान दिख रहे हैं। अनुमान लगाया जा रहा है कि उत्तर कोरिया ने इन तकनीकों को रूस से हासिल की है।
विज्ञापन
उत्तर कोरिया सीमा पार भेज रहा ड्रोन
बता दें कि 2022 में प्योंगयांग ने सीमा पार ड्रोन भेजे थे, जिसे दक्षिण कोरिया की सेना मार गिराने में असमर्थ रही। बढ़ते खतरे को देखते हुए दक्षिण कोरिया ने पिछले साल एक ड्रोन ऑपरेशन कमांड लॉन्च किया था। इस साल उत्तर कोरिया ने दक्षिण कोरिया पर उसके क्षेत्र में ड्रोन उड़ाकर उसकी संप्रभुता का उल्लंघन करने का आरोप लगाया। हालांकि, दक्षिण कोरियाई सेना ने इस आरोपों को खारिज कर दिया।
विज्ञापन
किम जोंग उन ने बड़े पैमाने पर सुसाइड अटैक ड्रोन के उत्पादन पर जोर दिया
कोरिया की स्शानीय मीडिया ने कहा, "उन्होंने (किम जोंग) जल्द से जल्द बड़े पैमाने पर सुसाइड अटैक ड्रोन के उत्पादन पर जोर दिया।" सुसाइड ड्रोन विस्फोटक ले जाने वाले मानवरहित ड्रोन हैं। इसे दुश्मन के ठिकानों पर गिराने के लिए डिजाइन किया जाता है। यह निर्देशित मिसाइलों के तौर पर काम करता है। प्योंगयांग ने पहली बार अगस्त में सुसाइड ड्रोन का अनावरण किया था। गुरुवार को हुए परीक्षण के बाद ड्रोन ने अरने निर्धारित मार्गों पर उड़ान भरने के बाद लक्ष्यों पर सटीक प्रहार भी किया।
विज्ञापन
मीडिया एजेंसी ने कहा, "सुसाइड ड्रोनों का इस्तेमाल अलग-अलग स्ट्राइकिंग रेंज में किया जाता है, जिससे जमीन या समुद्र में दुश्मन के किसी भी लक्ष्य पर सटीक निशाना लगाया जा सकता है।" इन ड्रोनों को लेकर उत्तर कोरिया के तानाशाह ने कहा कि इसे आसानी से इस्तेमाल किया जा सकता है। विशेषज्ञों ने बताया कि अगस्त में स्थानीय मीडिया द्वारा जारी की गई ड्रोन की तस्वीरों में इस्राइल के हारोप सुसाइड ड्रोन, रूस के लैंसेट-3 और इस्राइल के हीरो 30 के समान दिख रहे हैं। अनुमान लगाया जा रहा है कि उत्तर कोरिया ने इन तकनीकों को रूस से हासिल की है।
विज्ञापन
उत्तर कोरिया सीमा पार भेज रहा ड्रोन
बता दें कि 2022 में प्योंगयांग ने सीमा पार ड्रोन भेजे थे, जिसे दक्षिण कोरिया की सेना मार गिराने में असमर्थ रही। बढ़ते खतरे को देखते हुए दक्षिण कोरिया ने पिछले साल एक ड्रोन ऑपरेशन कमांड लॉन्च किया था। इस साल उत्तर कोरिया ने दक्षिण कोरिया पर उसके क्षेत्र में ड्रोन उड़ाकर उसकी संप्रभुता का उल्लंघन करने का आरोप लगाया। हालांकि, दक्षिण कोरियाई सेना ने इस आरोपों को खारिज कर दिया।