महज 90 मिनट में न्यूयॉर्क से लंदन की दूरी तय करेगा हर्मियस हाइपरसोनिक जेट विमान

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Gaurav Pandey वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला Published by: Gaurav Pandey
Updated Sat, 25 May 2019 09:59 PM IST
हाइपरसोनिक विमान (कॉन्सेप्ट)
हाइपरसोनिक विमान (कॉन्सेप्ट) - फोटो : हर्मियस कॉर्पोरेशन

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अमेरिका के एक स्टार्टअप ने ऐसा विमान बनाने की तैयारी की है जो आवाज की गति से पांच गुना ज्यादा रफ्तार से उड़ेगा। इससे न्यूयॉर्क से लंदन के बीच की दूरी को 90 मिनट से इससे कम में तय किया जा सकेगा। 
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अटलांटा की एयरोस्पेस कंपनी हर्मियस कॉर्पोरेशन ने कहा कि कंपनी को संस्थापकों और निजी निवेशकों से राशि प्राप्त हो गई है। कंपनी ऐसा विमान तैयार कर रही है जो आवाज की गति से पांच गुना ज्यादा तेज होगा। 


यदि कंपनी का यह प्रोजेक्ट सफल रहता है तो यह कॉमर्शियल ट्रांसअटलांटिक उड़ानों में क्रांतिकारी परिवर्तन आएगा। वर्तमान में न्यूयॉर्क से लंदन जाने में सात घंटे से भी ज्यादा का समय लगता है। 

हर्मियस के सह संस्थापक और सीईओ एजे पिपलिका ने कंपनी की वेबसाइट पर एक बयान में कहा, 'हमने वैश्विक परिवहन संरचना में क्रांति लाने की यात्रा शुरू की है। हम लंबी दूरी के लिए यात्रा की गति बढ़ाकर ऐसा करेंगे। 

हार्मियस के चारों संस्थापक एक साथ जेनरेशन ऑर्बिट में काम करते थे, जहां उन्होंने अमेरिकी वायुसेना के नवीनतम एक्स-प्लेन और एक हाइपरसोनिक रॉकेट प्लेन के विकास पर कार्य किया। 

लंदन के इंपीरियल कॉलेज में एयरोनॉटिक्स विभाग के वरिष्ठ प्रवक्ता पॉल ब्रूस कहते हैं, 'हाइपरसोनिक फ्लाइट के लिए सबसे बड़ी चुनौती संचालक शक्ति (प्रोपल्शन) है।' उन्होंने कहा, 'हमने कुछ छोटे वाहनों को स्क्रैमजेट (एक आधुनिक जेट इंजन) का प्रयोग कर हाइपरसोनिक गति से उड़ाया है। यह काफी प्रायोगिक है और यात्री विमान पर इन्हें देखने से पहले हमें एक लंबा रास्ता तय करना होगा।' 

उन्होंने कहा, 'नियमित रूप से ऐसी उड़ानों में और भी कई दिक्कतें हैं, लेकिन ऐसा करने के लिए हमारे पास इंजीनियरिंग क्षमताएं हैं। सबसे बड़ा मुद्दा वित्तीय और पर्यावरण का है, इतनी गति से उड़ने से बहुत ज्यादा मात्रा में ईंधन खर्च होगा और सामान्य गति की उड़ानों से ज्यादा खर्चीला होगा। लेकिन यदि इसके लिए बाजार है तो मुझे कोई शक नहीं कि हम इस तरह के विमान बना सकते हैं।'

एजे पिपलिका ने कहा कि इस क्षमता का यात्री विमान बनने में एक दशक का समय लग सकता है। उन्होंने कहा, 'इस बीच हमें कई उड़ानें भरनी होंगी, हमारे पास कम से कम दो छोटे विमान होंगे जिन्हें हम बनाएंगे, परीक्षण करेंगे और सीखेंगे।'

पिपलिका ने कहा, 'इस तकनीक के विकसित होने पर न्यूयॉर्क से लंदन जाने में करीब तीन हजार डॉलर (208141 रुपये) का खर्च आएगा।'

बता दें कि हर्मियस कॉर्पोरेशन हाइपरसोनिक यात्रा में शुरुआत करने वाली पहली कंपनी नहीं है। जून 2018 में बोईंग ने हाइपरसोनिक यात्री विमान का प्लान सामने रखा था। लॉकहीट मार्टिन और एरियन कॉर्पोरेशन भी हाइपरसोनिक विमान बनाने के लिए कार्य कर रही हैं। 

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