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ब्रिटेन में सुरक्षित है मलालाः पिता
बीबीसी हिंदी
Updated Sat, 27 Oct 2012 12:52 AM IST
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पाकिस्तान में तालिबान के हमले में ज़ख़्मी हुई 14 वर्षीय स्कूली छात्रा मलाला यूसुफ़ज़ई के पिता ने कहा है कि उनकी बेटी मलाला ब्रिटेन में पूरी तरह से सुरक्षित है। ज़ियाउद्दीन यूसुफ़ज़ई ने ये बातें शुक्रवार को बर्मिंघम के एक अस्पताल में भर्ती उनकी बेटी मलाला को देखने के बाद कहीं हैं।
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मलाला पर पाकिस्तान में तालिबान ने हमला किया था। इस हमले में उसकी गर्दन में एक गोली फंस गई थी जिसके बाद उसे बेहतर इलाज के लिए लंदन भेजा गया था। मलाला के पिता ज़ियाउद्दीन यूसुफ़ज़ई के अनुसार उसे पाकिस्तान से ब्रिटेन भेजने का फ़ैसला पाकिस्तानी राष्ट्रपति के ज़रिए लिया गया था।
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ज़ियाउद्दीन ने इस जानलेवा हमले के बाद भी उनकी बेटी के सही-सलामत बचने को चमत्कार कहा है। ज़ियाउद्दीन ने उस पल को याद करते हुए कहा कि जब उन्होंने हमले के बाद पहली बार मलाला को देखा था तब उसकी हालत बेहद ख़राब थी। उनके अनुसार मलाला का पूरा शरीर सूज गया था और वो दर्दनाक स्थिती में थी। लेकिन जब वे उससे गुरुवार रात मिले थे तब वो होश में थी और चल-फिर रही थी।
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सही इलाज
मलाला के पिता ज़ियाउद्दीन के अनुसार उनकी बेटी की जान बचाने के लिए पाकिस्तान में भी डॉक्टरों ने जी-जान लगा दी थी। वे कहते हैं कि उसे सही समय पर सही इलाज मिला। उन्होंने आगे कहा कि लोगों ने उनसे उनकी बेटी की अंतिम यात्रा की तैयारी करने को कह दिया था लेकिन जब उन्होंने हेलिकॉप्टर में उसे शॉल से अपना मूंह पोंछते देखा तब उन्हें लगा शायद वो बच सकती हैं।
मलाला यूसुफ़ज़ई को मिंगोरा में तब गोली मारी गई थी जब वो अपने स्कूल बस में थी। हमले के बाद उन्हें सबसे पहले स्वात घाटी के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बाद में उन्हें एक हेलिकॉप्टर में पेशावर लाया गया था। बाद में पाकिस्तान में सक्रिय तालिबान ने इस हमले की ज़िम्मेदारी लेते हुए कहा कि उन्होंने मलाला को पाकिस्तान में लोकतंत्र का प्रचार-प्रसार करने की वजह से गोली मारी।
मलाला यूसुफ़ज़ई ने पाकिस्तान में लड़कियों की शिक्षा के हक़ के लिए अभियान चलाया था। उन्होंने साल 2009 में बीबीसी उर्दू सेवा के लिए डायरी लिखनी शुरु की थी। साल 2009 में ही तालिबान ने स्वात घाटी पर क़ब्ज़ा कर लिया था।
सर्जरी
क्वीन एलिज़ाबेथ हॉस्पिटल ने गुरुवार को जानकारी देते हुए कहा कि मलाला अब पहले से बेहतर हैं और इलाज से उनकी हालत में सुधार है। अस्पताल प्रशासन के अनुसार मलाला की अभी और सर्जरी होनी है लेकिन उससे पहले उसे स्वास्थय लाभ करने की ज़रुरत है। डॉक्टरों के अनुसार उनकी खोपड़ी के एक हिस्से को हड्डी या टाईटेनियम प्लेट डाल कर दोबारा ठीक किया जाएगा।
अपने उपर हुए जानलेवा हमले के बाद मलाला को पूरी दुनिया से हज़ारों की संख्या में संदेश भेजे जा रहें हैं जिनमें उनके ठीक होने की दुआ की जा रही है। ज़ियाउद्दीन यूसुफज़ई के मुताबिक़ पूरी तरह से ठीक होने के बाद मलाला वापिस पाकिस्तान ज़रूर जाएगी और अपनी पढ़ाई जारी रखेगी।