आपात बैठक में ग्रीस से नई कर्ज योजना की मांग
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यूरो जोन अब भी ग्रीस के तर्कसंगत कर्ज प्रस्ताव पर विचार करने को तैयार है। मंगलवार को आपात बैठक में यूरोप के नेताओं ने ग्रीस के प्रधानमंत्री एलेक्सिस सिप्रास से नया बेलआउट प्रस्ताव पेश करने को कहा है। यूरोप के नेताओं के अनुसार, ग्रीस के पास दूसरा विकल्प यूरो छोड़ने का जोखिम उठाने का है।
ब्रसेल्स में होने वाली बैठक में सिप्रास यूरो जोन के 18 समकक्ष नेताओं से मुखातिब होंगे। उल्लेखनीय है कि ग्रीस की अर्थव्यवस्था को अभी राहत की दरकार है।
फंड की कमी के कारण वहां के बैंक गुरुवार तक के लिए बंद हैं और आशंका इस बात की भी है कि वहां की बैंकिंग प्रणाली कहीं ठप न पड़ जाए।
जर्मन चांसलर एंजेला मार्केल और फ्रांस के राष्ट्रपति फ्रांस्वा ओलांद ने आपात बैठक से पहले सिप्रास से उचित प्रस्ताव तैयार करने की सलाह दी है। जिससे बातचीत फिर से शुरू हो सके और खोया भरोसा बनाने में मदद मिले।
यूरोप की कोशिश यूरो जोन न छोड़े ग्रीस
यूरो जोन की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाएं जर्मनी और फ्रांस दोनों ही यह नहीं चाहते कि ग्रीस यूरोजोन से बाहर हो। हालांकि, मार्केल ने कहा कि ग्रीस के राहत पैकेज की नई शर्त अभी तय नहीं हुई हैं। मार्केल पर इस बात का दबाव भी है कि वह ग्रीस के साथ बातचीत में कठोर रुख अपनाएं।
यूरो जोन में ग्रीस को बनाए रखने की कवायद
फ्रांस के प्रधानमंत्री मैनुअल वाल्स ने कहा कि यूरो जोन से ग्रीस का बाहर होना कोई विकल्प नहीं है और फ्रांस इसके लिए पूरा प्रयास करेगा।
यूरोपियन कमीशन के प्रमुख जीन-क्लाउड जंकर ने भी कहा कि ग्रीस को यूरोजोन से बाहर होने से रोका जाना चाहिए लेकिन बैठक में किसी तरह की सौदेबाजी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने यूरोप के संसद को कहा, ‘अगर आज की बैठक में कोई समाधान निकल आता है तो सबसे सरल सामाधान होगा।’
ग्रीस के यूरो जोन से बाहर होने की संभावनाओं को खारिज करते हुए इटली के विदेश मंत्री पॉलो जेंटिलोनी ने कहा कि सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और भू-राजनीतिक संबंधों के कारण यह यूरो मुद्रा क्षेत्र का हिस्सा बना रहेगा।