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भारत-अमेरिका में रक्षा सहयोग पर बनी आम सहमति, सभी द्विपक्षीय पहलुओं पर वार्ता
Sun, 04 Aug 2019 12:12 AM IST
Nilesh Kumar
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Published by: Nilesh Kumar
Updated Sun, 04 Aug 2019 12:12 AM IST
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पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप
- फोटो : ANI
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भारत-अमेरिका रक्षा नीति समूह की 15वीं बैठक के दौरान अधिकारियों ने दोनों देशों के रक्षा उद्योग एवं उद्यमों (स्टार्ट अप) के बीच सहयोग को लेकर सहायक नीति पर आगे बढ़ने पर सहमति जताई। इस दौरान दोनों देशों के अधिकारियों ने द्विपक्षीय रक्षा सहयोग के सभी पहलुओं पर भी वार्ता की।
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भारत-अमेरिका रक्षा नीति समूह (डीपीजी) की इस बैठक में भारतीय पक्ष का नेतृत्व रक्षा सचिव संजय मित्रा ने और अमेरिका का प्रतिनिधित्व रक्षा नीति उप मंत्री जॉन रूड ने किया। डीपीजी भारत और अमेरिका के बीच रक्षा मुद्दों पर होने वाली शीर्ष अधिकारी स्तरीय बैठक प्रक्रिया है जो दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय सहयोग के सभी पहलुओं की समग्र समीक्षा करती है और आगे का रास्ता तय करती है।
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वाशिंगटन में जारी एक मीडिया विज्ञप्ति के मुताबिक, ‘बैठक में हाल के वर्षों में रक्षा व्यापार, प्रौद्योगिकी, खरीद, उद्योग, शोध-विकास तथा दोनों देशों की सेनाओं के बीच संपर्क समेत रक्षा सहयोग के विभिन्न क्षेत्रों में हुई प्रगति का जायजा लिया गया।’ यहां स्थित भारतीय दूतावास ने कहा, अधिकारियों ने दोनों देशों के रक्षा उद्योग एवं उद्यमों के बीच सहयोग के महत्व को रेखांकित करते हुए इस संबंध में सहायक नीति पर आगे बढ़ने पर सहमति जताई।’
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भारत की सराहना हुई
दो देशों के बीच रक्षा उद्योगों को लेकर हुई इस बैठक में अमेरिका के एक प्रमुख रक्षा सहयोगी के रूप में भारत की खुलकर सराहना की गई। इस दौरान दोनों देशों में रक्षा उद्योग और स्टार्टअप के बीच सहयोग को लेकर योजनाएं बनाई गईं और नीतिगत माहौल बनाने पर सहमति जताई गई। यही नहीं बल्कि डीपीजी के तहत विभिन्न कार्य समूहों और अपने-अपने क्षेत्र में हुई प्रगति की जानकारी भी दी गई।