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जिनपिंग को और ताकतवर बनाने पर भड़के यूजर्स, कहा- उत्तर कोरिया बनने जा रहा है चीन
एजेंसी, बीजिंग
Updated Mon, 26 Feb 2018 06:06 PM IST
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चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग
- फोटो : (फाइल फोटो)
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चीन में शी जिनपिंग को बेमियादी समय तक राष्ट्रपति बनाए रखने की योजना पर चीनी सोशल मीडिया में जबरदस्त बवाल काटा जा रहा है। इस योजना के विरोध में सोशल मीडिया पर चीनी शासन की तुलना उत्तर कोरिया से की जा रही है। उधर चीन की सत्ताधारी कम्युनिस्ट पार्टी ने शी जिनपिंग के शासन को अनिश्चित काल तक आगे बढ़ाने की योजना पर होने वाली ऑनलाइन आलोचना को हटाना शुरू कर दिया है।
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शी के शासनकाल को अनिश्चितकाल तक बढ़ाने की कोशिशों पर सोशल मीडिया पर हुई व्यंग्यात्मक टिप्पणियों पर राजनीतिक पर्यवेक्षक इस संभावना का पता लगा रहे हैं कि चीन एक व्यक्ति विशेष के युग में लौट जाएगा। चीन की सत्तारूढ़ कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीसी) द्वारा राष्ट्रपति पद पर लगातार दो कार्यकाल की समय सीमा हटाने संबंधी संवैधानिक प्रावधान को खत्म करने के प्रस्ताव को लेकर देश भर में विरोध शुरू हो गया है।
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इस प्रस्ताव के पारित होते ही शी जिनपिंग 2023 के बाद भी चीन के राष्ट्रपति बने रहेंगे। इस विरोध को खत्म करने के लिए चीन ने एक और चाल चलते हुए सोशल मीडिया पर बवाल काटने वाले यूजरों की पोस्ट को ब्लॉक करना (हटाना) शुरू कर दिया है और कम्युनिस्ट पार्टी की प्रशंसा में लेख प्रकाशित किए जाने लगे हैं।
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प्रस्ताव के विरोध में एक वेईबो यूजर ने रविवार को लिखा कि हम उत्तर कोरिया बनने जा रहे हैं, जहां 1940 से किम राजवंश का शासन है। वहीं एक अन्य यूजर ने कहा कि हम हमारे पड़ोसी देश की राह पर चल रहे हैं। हालांकि रविवार देर शाम तक वेईबो से चीन ने सारी पोस्ट डिलीट कर दीं और सर्च टर्म को ब्लॉक करना शुरू कर दिया।
वहीं ग्लोबल टाइम्स ने अपने एक संपादकीय में लिखा है कि बदलाव का यह अर्थ कतई नहीं है कि राष्ट्रपति का कार्यकाल हमेशा बना रहेगा। हालांकि अखबार ने इस पर विस्तृत स्पष्टीकरण नहीं दिया है। दूसरी तरफ, पार्टी के आधिकारिक अखबार पीपुल्स डेली ने शिन्हुआ न्यूज उस लेख को दोबारा छापा, जिसमें कहा गया है कि अधिकतर लोगों ने संविधान में संशोधन का समर्थन किया है।