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ऑस्ट्रेलिया में पढ़ने वाले चीनी छात्रों के लिए चीन ने जारी किया चेतावनी पत्र
Sat, 06 Feb 2021 06:17 PM IST
Harendra Chaudhary
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, बीजिंग
Published by: Harendra Chaudhary
Updated Sat, 06 Feb 2021 06:17 PM IST
सार
ऑस्ट्रेलिया में पढ़ने वाले लगभग दर्जन भर चीनी छात्रों ने भी चीनी आवेदकों को सुझाव दिया कि वे भेदभाव की समस्या, कोविड-19 महामारी, वीजा प्रतिबंध और कम गुणवत्ता वाले ऑनलाइन शिक्षण पर गंभीरता से विचार करें...
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chinese Students
- फोटो : Agency (File Photo)
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विस्तार
पिछले एक साल में ऑस्ट्रेलिया-चीन के बिगड़ते रिश्ते का वहां पढ़ने वाले चीनी विद्यार्थियों के भविष्य पर सीधा असर पड़ रहा है। ऑस्ट्रेलिया में चीन विरोधी माहौल, चीनी विद्यार्थियों पर हो रहे हमले और कोविड-19 महामारी को ध्यान में रखते हुए चीन के शिक्षा मंत्रालय ने ऑस्ट्रेलिया में पढ़ाई कर रहे चीनी छात्र-छात्राओं की सुरक्षा के बाबत एक ताजा चेतावनी पत्र जारी किया है।
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मंत्रालय ने कहा है कि चीनी छात्रों को ऑस्ट्रेलिया जाने से पहले वहां स्थानीय लोगों की चीन विरोधी मानसिकता और देश में मौजूद जोखिम पर विचार कर लेना चाहिए। उल्लेखनीय है कि हाल ही में ऑस्ट्रेलिया में कई स्थानों पर चीनी छात्रों पर हुए हमलों ने उनकी व्यक्तिगत सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर दिया है। जून 2020 में ऑस्ट्रेलिया के लिए पहली चेतावनी जारी करने के बाद 2021 में चीन ने पुनः चेतावनी जारी की है।
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चीनी विशेषज्ञों का मानना है कि चीन सरकार का लगातार चेतावनी जारी करना चीन-ऑस्ट्रेलिया के बिगड़ते संबंधों को दर्शाता है। चीन का आरोप है कि ऑस्ट्रेलियाई सरकार और उसका मीडिया चीन के खिलाफ लगातार जहर उगल रहा है। ऑस्ट्रेलियाई सरकार का चीन के खिलाफ लगातार हमला जारी है जिसमें मीडिया की बड़ी भूमिका है। खासकर कोविड-19 महामारी के बाद स्थानीय ऑस्ट्रेलियाई लोगों में चीन के ख़िलाफ़ जहर बोने का काम किया है।
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शंघाई स्थित ऑस्ट्रेलियाई अध्ययन केंद्र के निदेशक चेन हांग के अनुसार एक गैर-लाभकारी संगठन द्वारा प्रदान की गई जानकारी के अनुसार, ऑस्ट्रेलिया में चीनी छात्रों के दुर्व्यवहार और पिटाई की खबरों की संख्या बढ़ती जा रही है। हमलों में शारीरिक चोट और मौखिक अपमान शामिल हैं। जैसे कि चीनी छात्रों को "चिग्गा" कहना आदि। चेन का कहना है कि ऑस्ट्रेलिया में चीनी छात्रों का सामना करने में भेदभावपूर्ण समस्या चीन के शिक्षा विभाग के सामने एक गंभीर चिंता का विषय बन गई है।
शिक्षा विभाग की ताजा चेतावनी ऑस्ट्रेलिया में पढ़ने वाले चीनी छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए चीनी सरकार की जायज चिंता बताता है। उन्होंने कहा कि यह माना जा सकता है कि ऑस्ट्रेलियाई पक्ष यह कहकर अपना बचाव कर सकता है कि चीन विरोधी हमलों की खबरें देश में केवल अलग-थलग हैं।
ऑस्ट्रेलिया में पढ़ने वाले लगभग दर्जन भर चीनी छात्रों ने भी चीनी आवेदकों को सुझाव दिया कि वे भेदभाव की समस्या, कोविड-19 महामारी, वीजा प्रतिबंध और कम गुणवत्ता वाले ऑनलाइन शिक्षण पर गंभीरता से विचार करें। शिक्षा विशेषज्ञों ने सरकार की चेतावनी पर ध्यान देने को कहा। उन्होंने यह भी कहा कि यात्रा प्रतिबंध और एक अमित्र चीन नीति, साथ ही अन्य अनिश्चितताओं ने चीनी छात्रों पर मनोवैज्ञानिक दबाव डाला है।
चीन के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ एजुकेशन साइंसेज के एक सहयोगी शोधकर्ता किन लिन ने ग्लोबल टाइम्स को बताया कि चीनी छात्रों के लिए विदेश में अध्ययन के लिए अन्य बेहतर विकल्प मौजूद हैं, जैसे ब्रिटेन और कनाडा। उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया जाने वाले छात्रों की संख्या 2020 में तेजी से गिरी है और 2021 में इसमें बहुत सुधार होने की उम्मीद नहीं है।
चीन ऑस्ट्रेलिया में अंतर्राष्ट्रीय छात्रों का सबसे बड़ा स्रोत भी है। ऑस्ट्रेलियाई गृह विभाग द्वारा जारी किए गए आंकड़ों से पता चलता है कि 2020 में ऑस्ट्रेलिया में 220,000 से अधिक चीनी छात्र पंजीकृत थे।