फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   China breaking mosques and cemeteries of Uyghurs Muslims in Xinjiang

उइगुर मुसलमानों के मस्जिदों और कब्रिस्तान को तोड़ रहा चीन, बना रहा पार्किंग और मैदान

Sun, 13 Oct 2019 10:00 AM IST
Priyesh Mishra वर्ल्ड डेस्क, बीजिंग
वर्ल्ड डेस्क, बीजिंग Published by: Priyesh Mishra Updated Sun, 13 Oct 2019 10:00 AM IST
विज्ञापन
China breaking mosques and cemeteries of Uyghurs Muslims in Xinjiang
उइगुर मुसलमानों का कब्रिस्तान (पहले और बाद में) - फोटो : सोशल मीडिया
चीन के शिनजियांग प्रांत में रहने वाले उइगर मुसलमानों पर चीन की अमानवीयता जारी है। चीनी प्रशासन पहले से ही बड़ी संख्या में उइगुर मुसलमानों को डिटेंशन सेंटरों में कैद करके रखा हुआ है। उइगुरों को दाढ़ी रखने और धार्मिक अनुष्ठान करने तक पर पाबंदी है। 
विज्ञापन


हाल में आई रिपोर्ट्स के आधार पर चीन अब शिनजियांग प्रांत में रहने वाले उइगर मुसलमानों के पूर्वजों की कब्रों को नष्ट करने में जुटा है। उइगुरों की सांस्कृतिक पहचान मिटाने के लिए वहां पार्किंग और खेल का मैदान बनाया जा रहा है। हाल ही में कुछ सैटेलाइट तस्वीरें सामने आई हैं, जहां नए पार्क स्पष्ट नजर आ रहे हैं।
विज्ञापन


अगस्त 2018 में संयुक्त राष्ट्र को जानकारी मिली कि लगभग 10 लाख उइगुर मुस्लिमों को चीन के पश्चिमी शिंजियांग क्षेत्र में बनाए गए डिटेंशन कैंपों में रखा गया है। जहां उन्हें समाज के प्रति नजरिया बदलने के लिए शिक्षा दी जा रही है। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मानवाधिकार समूहों ने इस बात की जानकारी दी, वहीं, इन आरोपों को चीन ने सिरे से खारिज कर दिया। इस दौरान इस बात की भी जानकारी दी गई थी कि शिंजियांग में रहने वाले लोगों पर चीन द्वारा कड़ी नजर रखी जाती है। 

चीन के शिंजियांग प्रांत में मीडिया पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा हुआ है। यहां किसी भी मीडिया संस्थान के आने की मनाही है। लेकिन बीबीसी ने बताया कि वह उस प्रांत में गया और उसने वहां के हालात बयान किए। एक रिपोर्ट में कहा कि वहां बड़े तौर डिटेंशन कैंपों का निर्माण किया जा रहा है और प्रांत में बड़ी मात्रा में पुलिस की मौजूदगी रहती है। यहां तक कि लोगों पर संदेह होने पर अधिकारियों द्वारा उनके फोन तक की जांच की जाती है। 

कौन हैं उइगुर लोग?

China breaking mosques and cemeteries of Uyghurs Muslims in Xinjiang
uyghur muslims china

इस्लाम को मानने वाले उइगुर समुदाय के लोग चीन के सबसे बड़े और पश्चिमी क्षेत्र शिंजियांग प्रांत में रहते हैं। उइगुर पूर्वी और मध्य एशिया में बसने वाले तुर्की जाति की एक जनजाति है। 

इनमें से लगभग 70 प्रतिशत इस क्षेत्र के दक्षिण-पश्चिम में स्थित तारिम घाटी में रहते हैं। उइगुर लोग उइगुर भाषा बोलते हैं जो तुर्की भाषा से आने वाली एक बोली है।  उइगुर एक अल्पसंख्यक तुर्क जातीय समूह है जो मध्य और पूर्वी एशिया के सामान्य क्षेत्र से सांस्कृतिक रूप से जुड़ा हुए हैं। चीन में  उइगुरों की आबादी एक करोड़ से अधिक है। 

उइगुरों को केवल एक क्षेत्र के मूल निवासियों के रूप में मान्यता दी जाती है, जोकि चीन का शिंजियांग क्षेत्र है। उन्हें चीन के 55 आधिकारिक तौर पर मान्यता प्राप्त जातीय अल्पसंख्यकों में से एक माना जाता है। उइगुरों को चीन द्वारा केवल एक बहुसांस्कृतिक राष्ट्र के भीतर एक क्षेत्रीय अल्पसंख्यक के रूप में मान्यता प्राप्त है और चीन उनके स्वदेशी समूह होने के विचार को खारिज करता रहा है।

उइगुरों ने पारंपरिक रूप से तकलीम रेगिस्तान में बिखरे हुए नखलिस्तान में निवास किया है, जिसमें तारिम बेसिन शामिल है, एक ऐसा क्षेत्र जिसपर ऐतिहासिक रूप से चीन, मंगोलों, तिब्बतियों और तुर्की सहित कई सभ्यताओं द्वारा शासन किया गया। 

उइगुर 10वीं शताब्दी में इस्लाम के करीब आना शुरू हुए और 16वीं शताब्दी तक बड़े पैमाने पर मुस्लिम बन गए, और जिसके बाद से ही इस्लाम ने  उइगुर संस्कृति और पहचान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed