{"_id":"60a41a6cd9454c037d1a373a","slug":"bangladesh-journalist-rozina-islam-arrests-under-colonial-era-official-secrecy-law","type":"story","status":"publish","title_hn":"बांग्लादेश : औपनिवेशिक कानून के तहत खोजी पत्रकार गिरफ्तार","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
बांग्लादेश : औपनिवेशिक कानून के तहत खोजी पत्रकार गिरफ्तार
Wed, 19 May 2021 01:20 AM IST
Jeet Kumar
एजेंसी, ढाका।
एजेंसी, ढाका।
Published by: Jeet Kumar
Updated Wed, 19 May 2021 01:20 AM IST
सार
- रोजीना इस्लाम पर 1923 का सरकारी गोपनीयता कानून तोड़ने का आरोप
- रोजीना स्वास्थ्य मंत्रालय के कथित भ्रष्टाचारों को उजागर किया है
विज्ञापन
रोजीना इस्लाम
- फोटो : twitter
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
खोजी पत्रकारिता के लिए मशहूर, बांग्लादेश की एक वरिष्ठ महिला पत्रकार और बांग्ला दैनिक ‘प्रथम आलो’ की वरिष्ठ संवाददाता रोजीना इस्लाम को गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्हें औपनिवेशक काल के सरकारी गोपनीयता कानून का उल्लंघन करने के आरोप में गिरफ्तार करने के बाद अधिकार समूहों एवं उनके सहकर्मियों ने विरोध शुरू कर दिया।
विज्ञापन
रोजीना इस्लाम को सोमवार को स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारियों ने करीब पांच घंटे तक हिरासत में रखा। उन पर बिना अनुमति के एक दस्तावेज का फोटो खींचने का आरोप था। बाद में पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया।
विज्ञापन
पुलिस ने बताया कि मंत्रालय ने 1923 के सरकारी गोपनीयता कानून के तहत उन पर मध्य रात्रि के करीब मामला दर्ज कराया। इसके बाद उन्हें पुलिस हिरासत में रात गुजारनी पड़ी। उन्हें यहां की एक अदालत में पेश किया गया और पांच दिनों की हिरासत की मांग की गई जिसे न्यायाधीश ने खारिज कर दिया और उन्हें जेल भेज दिया।
विज्ञापन
अभियोजन पक्ष के एक वकील ने कहा कि आरोप सही हैं या गलत, लेकिन मामला दर्ज किया गया है, जिसमें प्रक्रिया का पालन किया जाना जरूरी है।
कई भ्रष्टाचार किए उजागर
रोजीना खोजी पत्रकार हैं जिन्होंने हाल के महीनों में कई खबरें प्रकाशित कर कोविड-19 महामारी के दौरान स्वास्थ्य मंत्रालय के कथित भ्रष्टाचारों को उजागर किया है। स्वास्थ्य मंत्री जाहिद मालेक ने टीवी चैनलों से कहा, यह घटना दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने इसके बारे में विस्तार से नहीं बताया लेकिन गिरफ्तारी के विरोध में संवाददाताओं ने स्वास्थ्य मंत्रालय के नियमित संवाददाता सम्मेलन का बहिष्कार किया।