{"_id":"5b566d554f1c1bb24b8b4b27","slug":"trump-warns-iran-if-threatened-again-the-consequences-will-be-serious","type":"story","status":"publish","title_hn":"ट्रंप ने ईरान को चेताया- धमकी दी तो नतीजे होंगे गंभीर, पोम्पियो ने धार्मिक नेताओं को बताया पाखंडी ","category":{"title":"America","title_hn":"अमेरिका","slug":"america"}}
ट्रंप ने ईरान को चेताया- धमकी दी तो नतीजे होंगे गंभीर, पोम्पियो ने धार्मिक नेताओं को बताया पाखंडी
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Updated Tue, 24 Jul 2018 05:54 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ईरानी राष्ट्रपति हसन रूहानी द्वारा अमेरिकी राष्ट्रपति को सोते हुए शेर को न छेड़ने की धमकी देने के ठीक बाद ट्रंप ने चेतावनी दी है कि वह अमेरिका को धमकाने की कोशिश तक न करें। ट्रंप ने अपनी बात पर जोर देते हुए अंग्रेजी के कैपिटल अक्षरों में ट्वीट करते हुए लिखा, यदि उन्होंने (रूहानी ने) अब अमेरिका को धमकी दी तो नतीजे इतने बुरे होंगे जिसका उदाहरण इतिहास में किसी देश के साथ नहीं हुआ होगा।
ट्रंप ने ट्विटर पर लिखा कि अमेरिका पहले वाला देश नहीं है जो आपकी मौत और हिंसा से जुड़ी बातों का समर्थन करेगा, इसलिए सावधान रहें। इससे पहले हसन रूहानी ने अमेरिका को चेतावनी दी थी कि उन्हें उकसाने की कोशिश न की जाए, अन्यथा ईरान के साथ युद्ध अब तक के सभी युद्धों से बड़ा होगा।
ईरान के अखबार तेहरान टाइम्स ने रूहानी के हवाले से लिखा था कि अमेरिकी अच्छी तरह समझते हैं कि ईरान के साथ शांति सभी तरह की शांति की जननी है और इसी तरह से ईरान के साथ युद्ध सभी तरह से युद्धों की जननी है।
विज्ञापन
अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा ईरान परमाणु डील से अपने कदम वापस लेने के बाद ईरान और अमेरिका के बीच शुरू हुई तल्ख बयानबाजी ठीक वैसी ही है जैसी सिंगापुर शिखर वार्ता से पहले उत्तर कोरिया और अमेरिका के बीच चलती थी।
पोम्पियो ने ईरान के धार्मिक नेताओं को पाखंडी बताया
अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने ईरानी धार्मिक नेताओं को पाखंडी बताते हुए कहा कि ये लोग न सिर्फ लोगों को परेशान करते हैं बल्कि उनसे पैसे भी ऐंठते हैं। उन्होंने ईरान सरकार को माफिया करार देते हुए कहा कि सत्तारूढ़ सरकार, सरकार कम माफिया अधिक प्रतीत होती है। यह अत्याचार पिछले 40 वर्षों से हो रहे हैं। पोम्पियो ने ईरान के लोगों को संदेश देते हुए ईरानी समुदाय से उनके मूल देश में प्रदर्शन कर रहे लोगों का समर्थन करने का आग्रह किया है।
पोम्पियो ने ईरान के राजनीतिक, न्यायिक व सैन्य अधिकारियों को भ्रष्ट बताया। उन्होंने कहा कि ईरान सरकार ने अपने नागरिकों के मानवाधिकार, गरिमा व मौलिक आजादी को दबा दिया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि अमेरिका अब चुप नहीं बैठेगा और ट्रंप प्रशासन में ईरान के लोगों के सपनों को पूरा किया जाएगा।
ईरान सरकार से निपटने में डरता नहीं अमेरिका
अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा कि उनका देश ईरानी सरकार के शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ कड़े प्रतिबंध लगाकर उनसे ‘निपटने से डरता’ नहीं है। ईरान के साथ ऐतिहासिक परमाणु समझौते से अलग होने के बाद सोमवार को ‘नई रणनीति’ का खुलासा करते हुए पोम्पियो ने कहा कि नई नीति में ईरान को कई सख्त मांगे मानने या ‘इतिहास में सबसे कड़े प्रतिबंधों’ का सामना करने का उल्लेख है।
उन्होंने ईरान की न्यायपालिका के प्रमुख सादिक लर्जानी के खिलाफ जनवरी में लगाए गए प्रतिबंधों का उल्लेख करते हुए कैलिफोर्निया के एक भाषण में कहा, ‘हम ईरान सरकार के शीर्ष अधिकारियों से निपटने से नहीं डरते हैं।’ उन्होंने कहा कि सभी देश तेहरान पर आर्थिक दबाव बढ़ाने के उसके प्रयासों का समर्थन करते हुए चार नवंबर तक ईरान से तेल का आयात बंद कर दें।
विज्ञापन
ट्रंप ने ट्विटर पर लिखा कि अमेरिका पहले वाला देश नहीं है जो आपकी मौत और हिंसा से जुड़ी बातों का समर्थन करेगा, इसलिए सावधान रहें। इससे पहले हसन रूहानी ने अमेरिका को चेतावनी दी थी कि उन्हें उकसाने की कोशिश न की जाए, अन्यथा ईरान के साथ युद्ध अब तक के सभी युद्धों से बड़ा होगा।
विज्ञापन
ईरान के अखबार तेहरान टाइम्स ने रूहानी के हवाले से लिखा था कि अमेरिकी अच्छी तरह समझते हैं कि ईरान के साथ शांति सभी तरह की शांति की जननी है और इसी तरह से ईरान के साथ युद्ध सभी तरह से युद्धों की जननी है।
विज्ञापन
अमेरिकी राष्ट्रपति द्वारा ईरान परमाणु डील से अपने कदम वापस लेने के बाद ईरान और अमेरिका के बीच शुरू हुई तल्ख बयानबाजी ठीक वैसी ही है जैसी सिंगापुर शिखर वार्ता से पहले उत्तर कोरिया और अमेरिका के बीच चलती थी।
पोम्पियो ने ईरान के धार्मिक नेताओं को पाखंडी बताया
अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने ईरानी धार्मिक नेताओं को पाखंडी बताते हुए कहा कि ये लोग न सिर्फ लोगों को परेशान करते हैं बल्कि उनसे पैसे भी ऐंठते हैं। उन्होंने ईरान सरकार को माफिया करार देते हुए कहा कि सत्तारूढ़ सरकार, सरकार कम माफिया अधिक प्रतीत होती है। यह अत्याचार पिछले 40 वर्षों से हो रहे हैं। पोम्पियो ने ईरान के लोगों को संदेश देते हुए ईरानी समुदाय से उनके मूल देश में प्रदर्शन कर रहे लोगों का समर्थन करने का आग्रह किया है।
पोम्पियो ने ईरान के राजनीतिक, न्यायिक व सैन्य अधिकारियों को भ्रष्ट बताया। उन्होंने कहा कि ईरान सरकार ने अपने नागरिकों के मानवाधिकार, गरिमा व मौलिक आजादी को दबा दिया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि अमेरिका अब चुप नहीं बैठेगा और ट्रंप प्रशासन में ईरान के लोगों के सपनों को पूरा किया जाएगा।
ईरान सरकार से निपटने में डरता नहीं अमेरिका
अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा कि उनका देश ईरानी सरकार के शीर्ष अधिकारियों के खिलाफ कड़े प्रतिबंध लगाकर उनसे ‘निपटने से डरता’ नहीं है। ईरान के साथ ऐतिहासिक परमाणु समझौते से अलग होने के बाद सोमवार को ‘नई रणनीति’ का खुलासा करते हुए पोम्पियो ने कहा कि नई नीति में ईरान को कई सख्त मांगे मानने या ‘इतिहास में सबसे कड़े प्रतिबंधों’ का सामना करने का उल्लेख है।
उन्होंने ईरान की न्यायपालिका के प्रमुख सादिक लर्जानी के खिलाफ जनवरी में लगाए गए प्रतिबंधों का उल्लेख करते हुए कैलिफोर्निया के एक भाषण में कहा, ‘हम ईरान सरकार के शीर्ष अधिकारियों से निपटने से नहीं डरते हैं।’ उन्होंने कहा कि सभी देश तेहरान पर आर्थिक दबाव बढ़ाने के उसके प्रयासों का समर्थन करते हुए चार नवंबर तक ईरान से तेल का आयात बंद कर दें।