'आतंक पर पाकिस्तान को सबक सिखाएं ट्रंप'
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अमेरिका को भारत और अफगानिस्तान में आतंकवाद का निर्यात जारी रखने के लिए पाकिस्तान को सबक सिखाना चाहिए। इसके लिए अमेरिका के 10 शीर्ष थिंक-टैंक ने ट्रंप प्रशासन से सिफारिश की है। उन्होंने कहा कि आतंकवाद को विदेश नीति के रूप में इस्तेमाल करने से पाक को रोकने के कड़े कदम उठाना जरूरी है। इसके लिए पाक के प्रति अमेरिका को जल्द से जल्द नया दृष्टिकोण तैयार करना चाहिए।
दक्षिण एशिया मामलों के विशेषज्ञों की ओर से तैयार रिपोर्ट में कहा गया कि लंबे समय से अमेरिका पाकिस्तान को कुछ आतंकी संगठनों को समर्थन देने की छूट दे रखा है। इनमें पाकिस्तान की ओर से भारत के खिलाफ इस्तेमाल किए जाने वाले आतंकी संगठन भी शामिल हैं।
आतंकवाद को समर्थन अमेरिकी हितों के लिए खतरनाक
‘ए न्यू यूएस एप्रोच टू पाकिस्तान: इनफोर्सिंग एड कंडीशन्स विदाउट कटिंग टाइस’ शीर्ष वाली रिपोर्ट में कहा गया कि 9/11 आतंकी हमले और 2001-02 में भारत-पाक सैन्य संघर्ष के बाद के सुनहरे अवसर को अमेरिका ने गंवा दिया। अमेरिका आतंकवाद को विदेश नीति के रूप में इस्तेमाल करने की पाक सेना की रणनीति खत्म कर सकता था। यह रिपोर्ट औपचारिक रूप से शुक्रवार को जारी की जाएगी।
शीर्ष अमेरिकी थिंक टैंक का कहना है कि क्षेत्रीय सामरिक मकसद के लिए परदे के पीछे से आतंकवाद का समर्थन करने वाले पाकिस्तानी नेताओं को सबक सिखाना ट्रंप प्रशासन का लक्ष्य होना चाहिए। लिहाजा ट्रंप प्रशासन को पाकिस्तान के प्रति कड़ी नीति अपनानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि आतंकवाद को समर्थन अमेरिकी हितों के लिए खतरनाक है। इसके अलावा पाक को लेकर अमेरिका को परमाणु अप्रसार पर भी ध्यान देना चाहिए। रिपोर्ट में कहा गया कि पाकिस्तानी सेना भारत पर हमला करने के लिए लगातार आतंकी संगठनों का समर्थन कर रही है। इसका मकसद कश्मीर मुद्दे पर अंतरराष्ट्रीय ध्यान आकर्षित करना है।