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'वर्ल्ड लेजिनेस डे' : इन लोगों ने तो आलसीपन की हदें ही पार कर ली
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला
Updated Sun, 09 Sep 2018 03:47 PM IST
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अगर आप घर से जल्दबाजी में निकलें और आप आपको बीच सड़क पर लोग बिस्तर लगाकर सोते लोग दिखाई देने लगें। इस पर आप कहेंगे क्या फिजूल बात है पर ये एक दम सच है। कोलंबिया के एक इलाके में साल में कम से कम एक बार ये नजारा आपको देखने को मिल सकता है।
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यहां एक दिन ऐसा आता है जब दुनियाभर के अलग-अलग देशों से आए लोग वाकई में बिस्तर लेकर सड़क पर सोते हैं। ये दिन होता है 'वर्ल्ड लेजिनेस डे'। इस दिन का मजा लेने के लिए यहां पूरी दुनियाभर के आलसी आते हैं और इस फेस्टिवल का हिस्सा बनते हैं।
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सजे-संवरे बिस्तर लेकर पहुंचते हैं आलसी लोग
कोलंबिया में 'वर्ल्ड लेजिनेस डे' के अवसर पर लोग अपने साथ गद्दे और बिस्तर लेकर आते हैं और सड़क पर सोते हुए वक्त गुजारते हैं। इनमें शामिल होने के लिए लोग ना सिर्फ अपने बैडिंग लाते हैं बल्कि उसे रंगबिरंगी लड़ियों और अन्य समान से सजाते हैं। हर साल इस दिन इतागुई शहर आलसियों से भर जाता है।
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उत्सव से जुड़ी कहानी
बताते हैं कि कोलंबिया के लोग तनाव से लड़ने के लिए हर साल आलस का दिन मनाते हैं, ताकि वे अपनी परेशानियों से बाहर आकर सुकून से वक्त बिता सकें। ये परंपरा 1985 से शुरू हुई थी, जब मारियो मोंटोया नाम के एक इतागुई के निवासी के मन में ये विचार आया था कि लोगों के पास सिर्फ आराम का भी एक दिन होना चाहिए। वर्ल्ड लेजिनेस डे पर कुछ अजब गजब प्रतियोगिताएं भी होती हैं।