रूसी अधिकारी से मुलाकात पर बोले ट्रंप, 'फ्लिन ने जो किया, वो वैध है'
आरोप हैं कि राष्ट्रपति ट्रंप की टीम ने रूसी अधिकारियों से संपर्क किया था। एक ट्वीट में ट्रंप ने कहा है कि उन्होंने उपराष्ट्रपति और एफबीआई से झूठ बोलने की वजह से फ़्लिन को पद से हटाया था। अपने ट्वीट में ट्रंप ने कहा, "मुझे जनरल फ्लिन को हटाना पड़ा क्योंकि उन्होंने उपराष्ट्रपति और एफबीआई से झूठ बोला था। उन्होंने उस झूठ का दोष भी स्वीकार कर लिया है। ये शर्मनाक है क्योंकि सत्ता परिवर्तन के दौरान उन्होंने जो किया वो वैध था। इसमें छुपाने जैसा कुछ नहीं था।"
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ट्रंप का कहना है कि सत्ता परिवर्तन के दौरान उनकी टीम ने जो कुछ भी किया उसमें छिपाने जैसा कुछ भी नहीं है। फ़्लिन ने पूछताछ में तत्कालीन रूसी राजदूत सर्गेई किसलयाक के साथ दिसंबर 2016 में हुई मुलाकात के बारे में एफबीआई से झूठ बोलने के आरोप स्वीकार कर लिया है।
माना जा रहा है कि फ्लिन ट्रंप प्रशासन के अन्य शीर्ष लोगों के खिलाफ सबूत दे सकते हैं। फ्लिन पर आरोप है कि उन्हें ट्रंप की सत्ता परिवर्तन टीम के एक शीर्ष व्यक्ति ने रूस के अधिकारियों से मुलाकात करने के लिए निर्देशित किया था।
ट्रंप के दामाद का नाम चर्चा में
अमरीका के कई मीडिया संस्थानों ने कहा है कि जिस वरिष्ठ अधिकारी की बात की जा रही है वो कोई और नहीं बल्कि ट्रंप के दामाद और सलाहकार जेरेड कुशनर ही हैं। अमरीकी खुफिया एजेंसियों का कहना है कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने अमरीकी चुनावों को ट्रंप के समर्थन में प्रभावित करने के आदेश दिए थे।
राष्ट्रपति ट्रंप अपने चुनाव अभियान या सत्ता परिवर्तन दल के रूस से प्रभावित होने के आरोपों को नकारते रहे हैं। माइकल फ़्लिन ने फरवरी में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार के पद से इस्तीफा दे दिया था।