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लिख डाली हाथ से बाइबिल..
Updated Fri, 17 May 2013 07:57 AM IST
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न्यूयार्क के एक व्यक्ति पिछले चार सालों से किंग जेम्स बाइबिल अपने हाथों से लिख रहे है। 2,400 पन्नों वाली इस बाइबिल को लिखने का काम 11 मई को ख़त्म हुआ।
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किंग जेम्स बाइबिल को फिर से अपने हाथों से लिखने वाले शख्स हैं फिलीप पैटरसन।
63 साल के फिलीप पैटरसन के दिमाग में बाइबिल को अपने हाथों से लिखने का यह अनोखा ख्याल उनके एक पुराने साथी के कारण आया।
फिलीप के उस पुराने साथी ने उन्हें बताया कि इस्लाम में कुरान लिखने की रवायत है।
फिलीप पैटरसन बताते हैं, “अपने साथी की बात सुनते ही फौरन मैं पेन, पेंसिल और पेपर ढूंढने लगा।”
बाइबिल लिखने के दौरान फिलीप को कई गंभीर बीमारियों का सामना करना पड़ा।
अस्पताल में क्लिक करें एड्स और एनीमिया जैसी बीमारियां से जूझने के दौरान भी उनकी कलम रुकी नहीं।
फिलीप पैटरसन की लगन और दृढ़ इच्छाशक्ति का ही कमाल है कि उनकी हाथों से लिखी जा रही बाइबिल 11 मई को पूरी हो गई है।
एक अनुमान के अनुसार बाइबिल में मोटा मोटी 788,000 शब्द हैं।
इंटीरियर डिज़ाइनर
फिलमोन्ट के एक गांव में रहने वाले पैटरसन रिटायर्ड इंटीरियर डिज़ाइनर हैं और ख़ुद को किसी खास धार्मिक विचारधारा से जुड़ा हुआ नहीं मानते।
मगर वह ये जरूर मानते हैं कि बाइबिल लिखते-लिखते उनमें सब्र, आत्मविश्वास और प्रेम करने की ताकत पहले से कई गुना बढ़ गई है।
फिलीप पहले बाइबिल लिखने का काम एक दिन में 14 घंटे करते थे मगर अब वे इस काम में दिन का औसतन छह या आठ घंटा ही लगाते हैं।
फिलीप पैटरसन ने कहा, "मैंने दिन कभी नहीं गिने क्योंकि मैं जानता था कि मेरी यह कोशिश बेहद खूबसूरत शक्ल में सामने आने वाली है। मैं इसमें डूब चुका था।"
इंसानियत की सीख
पैटरसन बताते हैं कि उन्हें इस काम में बहुत मजा आया है। वे रोज कुछ न कुछ नया सीखते हैं समझते हैं।
उन्होंने कहा, "बाइबिल के किंग जेम्स संस्करण को लिखने के इस काम ने मेरे मस्तिष्क को ज्यादा, और ज्यादा विस्तार दिया।"
उन्होंने आगे कहा, "इस काम ने मेरी धार्मिक भावनाओं को गहरा नहीं किया, बल्कि इसके कारण मैं एक मुकम्मल इंसान बन सका।"
फिलीप पैटरसन ने समाचार एजंसी एपी को बताया कि हालांकि वे हिंसा या महामारी को पसंद नहीं करते फिर भी उन्हें 'बुक ऑफ रुथ' को पढ़ने में मजा आया।
पैटरसन ने अपनी किताब की आखिरी लाइन 11 मई को सेंट पीटर्स प्रेसबिटेरियन चर्च में आयोजित एक समारोह के दौरान लिखी।