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कौन हैं अबु हमज़ा

Sat, 06 Oct 2012 11:18 AM IST
Updated Sat, 06 Oct 2012 11:18 AM IST
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अबु हमज़ा

अबु हमज़ा के दोनों हाथ नहीं है, बल्कि उनकी जगह हुक लगे हुए हैं

अबु हमज़ा उन सबसे जाने माने संदिग्ध चरमपंथियों में शामिल हैं जिन पर अमरीका प्रत्यर्पित किए जाने का खतरा मंडरा रहा था.

आखिरकार शुक्रवार को लंदन हाई कोर्ट ने अबू हमज़ा और चार अन्य संदिग्ध चरमपंथियों के अमरीका प्रत्यर्पण को हरी झंडी दिखा दी. वहां उनके खिलाफ चरमपंथ के आरोप में मुकदमा चलाया जाएगा.

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अबु हमजा हत्या के लिए उकसाने और नस्लीय घृणा फैलाने के मामलों में पहले ही दोषी करार दिए जा चुके हैं.

वो पिछले सात साल से ब्रिटेन की जेल में बंद हैं. अमरीका में भी उन पर चरमपंथ से जुड़े कुल 11 आरोप लगाए गए हैं. उन पर बंधक बनाने की साजिश रचने और 1998 में यमन में लोगों को बंधक बनाने के आरोप है. इनमें से एक घटना में चार लोगों की जानें भी चली गईं.

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अबु हमज़ा ब्रिटेन में अपने धार्मिक भाषणों के लिए खासे मशहूर रहे हैं. लंदन में फिंसबरी पार्क मस्जिद और उसके आसपास के इलाके में उनके भाषणों का आयोजन किया जाता रहा है.

उन पर पश्चिमोत्तर अमरीका के ओरेगॉन इलाके के ब्ली में एक ट्रेनिंग शिविर स्थापित करने की योजना बनाने के आरोप हैं. अबु हमज़ा पर ऐसे भी आरोप हैं कि उन्होंने अफगानिस्तान में चरमपंथियों को मदद पहुंचाई है. साथ ही तालिबान से भी उनके संबंध बताए जाते हैं और उन्हें भी अबु हमज़ा की तरफ से कथित तौर पर कई तरह की सामग्री मुहैया कराई गई.

अबु हमजा को अमरीका के आग्रह पर ही मई 2004 में पहली बार गिरफ्तार किया गया था. लेकिन उनका अमरीका प्रत्यपर्ण उस वक्त रोक दिया जब ब्रिटेन फैसला किया कि पहले वो अपने यहां धार्मिक भाषणों से जुड़े आरोपों में अबु हमज़ा पर मुकदमा चलाएगा. उन्हें 2006 में इन आरोपों में दोषी करार दिया गया.

वर्ष 2008 में प्रत्यर्पण के खिलाफ अबु हमज़ा की अपील यूरोपीय न्यायालय में पहुंची. इस साल अप्रैल में यूरोपीय मानवाधिकार न्यायालय ने उनके प्रत्यर्पण को मंजूरी दे दी और इस फैसले के खिलाफ उनकी अपील को पिछले महीने खारिज कर दिया गया.

अबु हमज़ा के साथी हारून अस्वत पर भी अमरीका के ओरेगॉन में ट्रेनिंग शिविर स्थापित करने की योजना तैयार करने के आरोप हैं. उन्हें 2007 में गिरफ्तार किया गया और 2007 में उनका मामला यूरोप पहुंचा.

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