यूएन से पाकिस्तान को सुषमा की लताड़, पीएम नरेंद्र मोदी ने सराहा
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भारत ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में पाकिस्तान को करारा जवाब दिया है। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने सोमवार को महासभा को संबोधित करते हुए कहा कि पाक का मंसूबा कभी पूरा नहीं होगा, जम्मू कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा है और हमेशा रहेगा। पाकिस्तान अगर सोचता है कि भड़काऊ भाषण देकर कश्मीर को छीन लेगा तो वह ख्वाब देखना बंद कर दे। आतंकवाद पर पाकिस्तान को आड़े हाथ लेते हुए उन्होंने कहा कि जिनके घर शीशों के होते हैं उन्हें दूसरों पर पत्थर नहीं फेंकने चाहिए।
सुषमा ने सीधे कहा कि अगर कोई देश आतंकवाद के खिलाफ रणनीति में शामिल नहीं होना चाहता तो विश्व समुदाय को उसे अलग करना चाहिए। ऐसे देशों की विश्व समुदाय में कोई जगह नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि आतंकवाद को पालना कुछ देशों का शौक है। आतंकवाद के शौकीन देशों की जवाबदेही तय होनी चाहिए।
सुषमा ने उड़ी हमले के बाद पाकिस्तान के पीएम नवाज शरीफ की ओर से संयुक्त राष्ट्र में कश्मीर का जिक्र किए जाने का जोरदार जवाब दिया। सुषमा ने कहा कि जम्मू कश्मीर भारत का अभिन्न हिस्सा है और रहेगा। पाकिस्तान का मंसूबा कभी कामयाब नहीं होगा। उन्होंने कहा, जिनके घर शीशे के हों, वो दूसरों पर पत्थर न फेंके। बलूचिस्तान में क्या हो रहा है। वहां यातना की पराकाष्ठा है।
विदेश मंत्री ने कहा कि पाकिस्तान कह रहा है कि हमें भारत की शर्तें मंजूर नहीं। कौन सी शर्तें? पाक प्रधानमंत्री किन शर्तों की बात कर रहे हैं, हमने कब रखी शर्त? हम शर्त लगा रहे हैं या आप। क्या पीएम मोदी कोई शर्त लेकर लाहौर गए थे? हमने मित्रता का पैमाना खड़ा किया और हमें पठानकोट व उड़ी मिले।
आतंकवादियों को कौन धन देता है, सहारा देता है? हमें पुराने समीकरण त्यागने होंगे, मिलकर आतंकवाद का सामना करना होगा। यदि कोई देश इस रणनीति में शामिल नहीं होता तो उसे अलग-थलग करना होगा। कुछ देश आतंकवाद ही बोते, उगाते, बेचते और निर्यात करते हैं।
'गांधी जयंती पर पेरिस जलवायु समझौते पर मुहर लगाएगा भारत'
आतंकवाद पर वैश्विक संधि और सुरक्षा परिषद में सुधार की मांग पर जोर
एजेंसी, नई दिल्ली। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधार की मांग की हैं। साथ ही आतंकवाद के मुद्दे पर 1996 से लंबित समग्र समझौता को लागू करने की वकालत की। सुषमा ने एलान किया कि दो अक्टूबर गांधी जयंती पर देश पेरिस जलवायु समझौते पर मुहर लगाएगा। विदेश मंत्री ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र में स्थाई और अस्थाई दोनों सीटों में बढ़ोतरी हो।
हमें ऐसी संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद चाहिए। जो वैश्विक परिस्थिति के अनुकुल हो। उन्होंने कहा कि सयुंक्त को 1996 से लंबित समग्र वैश्विक संधि यानी सीसीआईटी समझौता लागू करने के लिए कहा। उन्होंने कहा कि साल भर पहले मैंने यहीं से अंतर्राष्ट्रीय समुदाय को संबोधित किया था। एक साल में विश्व में काफी कुछ बदल गया है। कुछ बदलाव काफी चिंताजनक है।
हमारे सामने सबसे बड़ी चुनौती है गरीबी को मिटाना। भारत दुनिया में तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्था है। हमने स्वच्छ भारत अभियान छेड़ा और दो लाख विद्यालयों में चार लाख शौचालय बनवाए गए। इसी तरह बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ में लाखों महिलाएं जुड़ी। मेक इन इंडिया और डिजिटल इंडिया में कई कार्यक्रम चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि भारत की विकास यात्रा में नए आयाम जुड़े हैं।
भारत में टिकाऊ विकास होगा तभी पूरी दुनिया में होगा। जलवायु परिवर्तन भी हमारे सामने गंभीर चुनौती है। प्रकृति के पास इतनी संपत्ति है कि सबकी जरूरत पूरी हो सकती है। लेकिन प्रकृति किसी का लालच पूरा नहीं कर सकती। ये जरूरी है कि विकसित देश सबकी भलाई के लिए तकनीक और धन दें। इस साल विश्व में बहुत परिवर्तन ह्र्रुआ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जलवायु न्याय का नारा दिया है। हम असीमित खपत पर रोक लगाये। योग इसका बड़ा माध्यम बन सकता है। योग पर दुनिया के समर्थन का आभार व्यक्त करती हूं। विकसित देश अपनी जिम्मेदारी का निर्वाह करें। वे तकनीकी और राशि भी दें।
प्रधानमंत्री मोदी ने की यूएन में सुषमा के भाषण की तारीफ
संयुक्त राष्ट्र महासभा में विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के भाषण की तारीफ करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सुषमा ने प्रभावी और शानदार भाषण दिया। सुषमा के भाषण के तुरंत बाद प्रधानमंत्री ने ट्वीट के जरिये कहा कि ‘विदेश मंत्री सुषमा स्वराज को संयुक्त राष्ट्र महासभा में दृढ़, प्रभावी और बहुआयामी वैश्विक मुद्दों पर शानदार भाषण के लिए बधाई।’
गौरतलब है कि कश्मीर पर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के आरोपों का जवाब देते हुए सुषमा ने कहा कि जो मानवाधिकार उल्लंघन के लिए दूसरों पर आरोप लगाते हैं, उन्हें खुद आत्मचिंतन करना चाहिए।
विहिप ने भी संयुक्त राष्ट्र में सुषमा के भाषण की प्रशंसा की
विश्व हिंदू परिषद ने संयुक्त राष्ट्र महासभा में विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के भाषण की तारीफ की। विहिप ने कहा कि पाकिस्तान को माकूल जवाब देते हुए उनकी शक्ति और दृढ़ता सरकार के एक्शन से मेल खाएगा। विहिप के अंतरराष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष प्रवीण तोगड़िया ने ट्वीट कर कहा कि संयुक्त राष्ट्र में दमदार और सटीक भाषण, लाजवाब।