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अल अरबिया का दावा: अफगानिस्तान में तालिबान समर्थन को लेकर सतर्क हुआ चीन, उइगरों को आतंक का प्रशिक्षण
Fri, 31 Dec 2021 12:34 AM IST
देव कश्यप
एजेंसी, बीजिंग
एजेंसी, बीजिंग
Published by: देव कश्यप
Updated Fri, 31 Dec 2021 12:34 AM IST
सार
अल अरबिया ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया कि चीन ने अफगानिस्तान में मौजूदा हालात पर अपने विचार स्पष्ट कर दिए हैं। हाल ही में वरिष्ठ चीनी मंत्री ने जटिल अफगानिस्तान की स्थिति के बारे में अपनी गहरी चिंता जताई। यह चिंता क्षेत्र में आईएस और अल-कायदा की मौजूदगी बढ़ने को लेकर जताई गई।
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चीन के विदेश मंत्री वांग यी के साथ तालिबान के नेता
- फोटो : Agency (File Photo)
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विस्तार
दुनिया में चीन उन कुछ देशों में रहा है जिसने तालिबान शासन को समर्थन दिया। लेकिन अब ऐसा लगता है कि चीन को अफगानिस्तान में इस गुट को गले लगाने की अपनी गलती का अहसास हो गया है। एक मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि महिलाओं के दमन और आतंकवाद के चलते जिन कारणों से लंबे समय से तालिबान को वैश्विक रूप से स्वीकार नहीं किया गया है उस राह पर चीन भी चल रहा है।
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अल अरबिया ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया कि चीन ने अफगानिस्तान में मौजूदा हालात पर अपने विचार स्पष्ट कर दिए हैं। हाल ही में वरिष्ठ चीनी मंत्री ने जटिल अफगानिस्तान की स्थिति के बारे में अपनी गहरी चिंता जताई। यह चिंता क्षेत्र में आईएस और अल-कायदा की मौजूदगी बढ़ने को लेकर जताई गई।
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रिपोर्ट के मुताबिक, ऐसा लगता है कि चीन को अफगानिस्तान में तालिबान को गले लगाने की अपनी गलती का अहसास हो गया है। दरअसल, चीन मानता है कि अफगानिस्तान से लगे तुर्कमेनिस्तान की सीमा चीन के पश्चिमी शिनजियांग प्रांत की सीमाओं से लगती हैं और अफगानिस्तान का आतंकवाद यहां के उइगरों को आतंक का प्रशिक्षण दे रहा है। चीन को अब लगता है कि तालिबान का नियंत्रण इन आतंकी समूहों पर नहीं है।
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शीत ओलंपिक से पूर्व तिब्बत में चीन ने बढ़ाए यात्रा प्रतिबंध
एक मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि चीनी अफसरों ने बीजिंग शीतकालीन ओलंपिक से पहले तिब्बत क्षेत्र में यात्रा पाबंदियां और सख्त कर दी हैं। उसने क्षेत्र की राजधानी ल्हासा में एक बड़ा पुलिस बल तैनात कर दिया है। रेडियो फ्री एशिया (आरएफए) ने एक सूत्र के हवाले से बताया है कि बीजिंग क्षेत्र में भी सुरक्षा बढ़ाकर तिब्बतियों की आवाजाही पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।
आरएफए ने बताया कि कुछ ही दिनों में ल्हासा के तिब्बती इलाकों और शिग्त्से, डामडो, ड्रैगगो, नगाबा और रेबकोंग में अधिक सुरक्षा और प्रतिबंध लगा दिए गए हैं। ल्हासा में पुलिस और सशस्त्र सुरक्षाकर्मियों की तैनाती देखी जा रही है। यहां तक कि क्षेत्री राजधानी का दौरा करने वालों से भी सूक्ष्मता के साथ पूछताछ की जा रही है। अधिकारी रेस्तरां और दुकानों पर भी निरीक्षण कर रहे हैं। सिचुआन प्रांत के ड्रैगगो के एक पूर्व निवासी ने अपने स्थानीय संपर्कों का हवाला देते हुए कहा कि चीनी अफसरों ने इन क्षेत्रों में घरेलू निरीक्षण भी शुरू कर दिया है।