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कोरोनावायरस: इटली में फंसे 85 भारतीय छात्रों ने सरकार को भेजा एसओएस मैसेज
Mon, 02 Mar 2020 09:20 AM IST
Sneha Baluni
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, लोंबार्डी
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, लोंबार्डी
Published by: Sneha Baluni
Updated Mon, 02 Mar 2020 09:20 AM IST
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50 से ज्यादा देशों में कोरोनावायरस कहर मचा रहा है
- फोटो : PTI
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कोरोनावायरस 50 से ज्यादा देशों में फैल चुका है। इसकी चपेट में आने से 3,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है। इसी बीच उत्तरी इटली के यूनिवर्सिटी ऑफ पाविया में लगभग 85 भारतीय छात्र एक हफ्ते से फंसे हुए हैं। यहां पिछले कुछ दिनों में 17 लोगों की मौत हो चुकी है। छात्रों ने सरकार को एसओएस (आपातकाल) संदेश भेजा है ताकि उन्हें जल्द से जल्द यहां से निकाला जा सके।
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कुछ छात्रों ने भारत जाने के लिए फ्लाइट बुक कराई थी लेकिन कोरोनावायरस के नए मामले सामने आने की वजह से उसे रद्द कर दिया गया। छात्रों में डर इसलिए भी है क्योंकि यूनिवर्सिटी ऑफ पाविया के इंजीनियरिंग विभाग के गैर-शिक्षण संकाय कोरोनावायरस की चपेट में है। लगभग 15 अन्य स्टाफ के सदस्यों का क्वारेनटाइन किया जा रहा है।
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बंगलूरू की छात्रा अंकिता केएस जो अंतरराष्ट्रीय व्यापार और उद्यमिता में डिग्री की पढ़ाई कर रहीं हैं, उन्होंने कहा, 'हममें से आधे लोगों ने भारत वापसी के लिए टिकट बुक कराई थी लेकिन रोजाना फ्लाइट रद्द की जा रही हैं और नए टिकट काफी मंहगे हैं। किराने की दुकान में सामान बहुत जल्दी खत्म हो जाता है। हमें डर है कि परिस्थिति बदतर हो सकती है और इसीलिए हमने भारत सरकार से कदम उठाने का अनुरोध किया है।'
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टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, पाविया में फंसे 85 भारतीयों में से 25 तेलंगाना, 20 कर्नाटक, 15 तमिलनाडु, चार केरल, दो दिल्ली और एक-एक राजस्थान, गुड़गांव और देहरादून के हैं। इनमें से लगभग 65 इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहे हैं।
इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन के छात्र पुरुषोत्तम कुमार मधु जो 10 मार्च को भारत वापस आने वाले हैं उन्हें इस बात को लेकर अनिश्चितता है कि फ्लाइट उड़ान भरेगी या नहीं। उन्होंने कहा, 'मुझे बताया गया है कि खाड़ी से होकर जाने वाली ज्यादातर फ्लाइ्ट रद्द हो गई हैं। भारत पहुंचने पर भारतीयों को 10-15 दिनों के लिए हवाई अड्डे पर क्वारेनटाइन किया जा रहा है जो चिंता का विषय है।'