West Bengal: अधिकारियों से खफा सीएम ममता ने कार्यक्रम बीच में ही रोका, कहा- काम नहीं कर सकते तो छोड़ दीजिए
West Bengal: जानकारी के मुताबिक उन्होंने देवी पूजन के अवसर पर 15 हजार शीतकालीन वस्त्र आम लोगों को देने की घोषणा की थी। लेकिन मंच पर कपड़े मौजूद नहीं थे, जिससे वह नाराज हो गईं। उन्होंने कहा, जब-तक वस्त्र नहीं आएंगे, तब तक वह अपनी सभा नहीं शुरू करेंगी...
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पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी मंगलवार को उत्तर 24 परगना के हिंगलगंज में सभा के दौरान सरकारी अधिकारियों पर नाराज हो गईं और जमकर फटकार लगाई। गुस्साई मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कार्यक्रम को बीच में ही रोक दिया और करीब 15 मिनट तक बैठी रहीं। उन्होंने जनता की ओर हाथ हिलाकर इशारा किया, 'बैठ जाओ मैं भी बैठ जाती हूं'।
जानकारी के मुताबिक उन्होंने देवी पूजन के अवसर पर 15 हजार शीतकालीन वस्त्र आम लोगों को देने की घोषणा की थी। लेकिन मंच पर कपड़े मौजूद नहीं थे, जिससे वह नाराज हो गईं। उन्होंने कहा, जब-तक वस्त्र नहीं आएंगे, तब तक वह अपनी सभा नहीं शुरू करेंगी।
शीतकालीन वस्त्र नहीं मिलने से नाराज मुख्यमंत्री ने बीडीओ और डीएम को फटकार लगाई। उन्होंने कहा, मैं जिस कार्य के लिए आई हूं वह नहीं कर पा रही हूं, तो भाषण देने का कोई मतलब नहीं है। बीडीओ और डीएम लापरवाही करते हैं और मुझे उसके लिए माफी मांगनी पड़ती है। बीडीओ और डीएम को फटकार लगाते हुए कहा, अगर कार्य उचित तरीकें से नहीं कर सकते है तो काम छोड़ दें।
मुख्यमंत्री करीब 15 मिनट तक मंच पर बैठी रहीं। उसके बाद कंबल लाए गए और लगभग 1000 कंबल वितरित किए गए। उन्होंने कहा, वह उपहार लेकर आई थीं, यदि नहीं मिल रहा है, तो उन्हें गुस्सा आता है। हालांकि बाद में उन्होंने वस्त्र वितरण किए।