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पेपर लेस होगा ‘नैक’ का निरीक्षण, पोर्टल में ऑनलाइन उपलब्ध करानी होगी जानकारी 

Sun, 03 Feb 2019 06:34 PM IST
अलका त्यागी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नैनीताल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नैनीताल Published by: अलका त्यागी Updated Sun, 03 Feb 2019 06:34 PM IST
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NAAC paperless inspected
NAAC

राष्ट्रीय मूल्यांकन एवं प्रत्यायन परिषद (नैक) की ओर से किया जाने वाला उच्चशिक्षा संस्थानों का निरीक्षण अब पूरी तरह पेपरलेस हो गया है। संस्थानों को निरीक्षण करवाने के लिए आवेदन के साथ सभी जानकारियां नैक के पोर्टल में ऑनलाइन जमा करानी होंगी। ऑनलाइन दी गई जानकारियों और स्थलीय निरीक्षण के आधार पर संस्थान की ग्रेडिंग सॉफ्टवेयर के माध्यम से निर्धारित की जाएगी।

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दरअसल ‘नैक’ विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) का स्वायत्त संस्थान है, जो देश के उच्चशिक्षा संस्थानों का निरीक्षण कर उनकी ग्रेडिंग निर्धारित करता है। डिजिटलाइजेशन के दौर में नैक ने कॉलेजों की ग्रेडिंग प्रणाली को भी पूरी तरह से ऑनलाइन कर दिया। नई व्यवस्था के तहत विश्वविद्यालयों एवं कॉलेजों को नैक के पोर्टल पर आवेदन करने के साथ मानकों के आधार पर जानकारियां ऑनलाइन देनी होगी। मानकों पर खरे उतरने वाले संस्थानों का नैक की ओर से भेजी गई टीम स्थलीय निरीक्षण करेगी और टीम मौके से मुख्यालय को सॉफ्टवेयर के माध्यम से ऑनलाइन जानकारी भेजेगी। संस्थान की ओर से आवेदन के साथ दी गई ऑनलाइन जानकारी और टीम के स्थलीय निरीक्षण के अंकों के आधार ग्रेड तय किया जाएगा। नई व्यवस्था में 70 फीसदी अंक संस्थान की ओर से दी गई ऑनलाइन जानकारी और 30 फीसदी अंक टीम के स्थलीय निरीक्षण के लिए निर्धारित किए गए हैं।
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कुमाऊं विवि में 2021 में होना है निरीक्षण
कुमाऊं विश्वविद्यालय में नवंबर 2015 में नैक की टीम ने निरीक्षण किया था, इसमें विवि को ए ग्रेड मिला था। वहीं मानकों के अनुसार पांच सालों में संस्थानों के लिए नैक का निरीक्षण अनिवार्य होता है। इस लिहाज से 2021 में कुमाऊं विवि में निरीक्षण होगा।
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ऑनलाइन से संस्थानों के निरीक्षण की प्रक्रिया क्रियान्वित हो रही है। बीते दिनों इसे लेकर कार्यशाला भी हुई थी। इस प्रक्रिया से ग्रेड निर्धारण में पारदर्शिता आएगी और निरीक्षण बाद समय से संस्थानों को अपना ग्रेड पता चल पाएगा।
- प्रो. डीके नौड़ियाल, कुलपति कुमाऊं विवि एवं चेयरमैन स्थलीय निरीक्षण टीम ‘नैक

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