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Kotdwar News: 22 घंटे बाद खुला मालन डायवर्जन वैकल्पिक मार्ग, खड़े रहे भारी वाहन
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कोटद्वार। क्षेत्र में भारी बारिश भाबर के लोगों पर भारी पड़ रही है। मालन नदी के उफनाने से रविवार शाम को क्षतिग्रस्त हुआ मालन डायवर्जन वैकल्पिक मार्ग सोमवार शाम को पूरे 22 घंटे बाद दुरुस्त हो पाया। सोमवार शाम को जलस्तर कम होने पर लोनिवि ने कॉजवे पर रेत बजरी और पत्थर डालकर वाहनों की आवाजाही शुरू कराई। पूरे 22 घंटे तक मार्ग पर भारी वाहन खड़े रहे। हल्के वाहनों को मवाकोट-कण्वाश्रम संपर्क मार्ग से गुजारा गया।
लोनिवि के अवर अभियंता अजीत सिंह ने बताया कि मालन नदी के उफनाने से डायवर्जन वैकल्पिक मार्ग के दो हिस्से बह गए थे। जिससे हल्के वाहनों को तो मवाकोट-कण्वाश्रम के रास्ते भेजा गया, लेकिन उद्योगों के भारी वाहनों को मार्ग के दुरुस्त होने का इंतजार करना पड़ा। सोमवार शाम नदी का जलस्तर कम होने पर मार्ग की मरम्मत कर वाहनों की आवाजाही शुरू करा दी गई है। मार्ग के बाधित होने से लोनिवि को करीब 60 हजार रुपये का नुकसान झेलना पड़ा है। सिडकुल निर्माता संघ के महासचिव विवेक चौहान ने बताया कि मालन पुल टूटने के बाद से उद्याेगों को नुकसान झेलना पड़ रहा है। बरसात में कई बार वैकल्पिक मार्ग बहने और टूटने से वाहनों की आवाजाही ठप रही।
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लोनिवि के अवर अभियंता अजीत सिंह ने बताया कि मालन नदी के उफनाने से डायवर्जन वैकल्पिक मार्ग के दो हिस्से बह गए थे। जिससे हल्के वाहनों को तो मवाकोट-कण्वाश्रम के रास्ते भेजा गया, लेकिन उद्योगों के भारी वाहनों को मार्ग के दुरुस्त होने का इंतजार करना पड़ा। सोमवार शाम नदी का जलस्तर कम होने पर मार्ग की मरम्मत कर वाहनों की आवाजाही शुरू करा दी गई है। मार्ग के बाधित होने से लोनिवि को करीब 60 हजार रुपये का नुकसान झेलना पड़ा है। सिडकुल निर्माता संघ के महासचिव विवेक चौहान ने बताया कि मालन पुल टूटने के बाद से उद्याेगों को नुकसान झेलना पड़ रहा है। बरसात में कई बार वैकल्पिक मार्ग बहने और टूटने से वाहनों की आवाजाही ठप रही।
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