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Chamoli News: मानकों के अनुरूप नहीं हो रहा आइस स्केटिंग रिंग में कार्य
Fri, 16 Oct 2026 06:08 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
Updated Fri, 16 Oct 2026 06:08 PM IST
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फोटो
समतलीकरण में किया जा रहा सीमेंट का उपयोग
संवाद न्यूज एजेंसी
ज्योतिर्मठ। औली आइस स्केटिंग रिंग में चल रहे समतलीकरण कार्य मानकों के अनुरूप नहीं कराए जाने के आरोप लगे हैं। आइस स्केटिंग खेल से जुड़े लोगों का कहना है कि मानकों के विपरीत समतलीकरण कार्य में सीमेंट का प्रयोग किया जा रहा है।
औली में वर्षों से आइस स्केटिंग रिंग का कार्य पूरा नहीं हो पाया है। इस साल जनवरी में इसे लेकर आंदोलन हुआ था। इसके बाद रिंग के अधूरे कार्य को पूरा करने के लिए शासन ने बजट जारी किया। अब करीब 30 लाख रुपये की लागत से स्केटिंग रिंग के समतलीकरण का कार्य किया जा रहा है। इसको लेकर अंतरराष्ट्रीय स्कीइंग खिलाड़ी व आइस स्केटिंग से जुड़े विवेक पंवार का कहना है कि कार्यदायी संस्था स्केटिंग रिंग के समतलीकरण में सीमेंट का उपयोग कर रही है जबकि मानकों के अनुसार सीमेंट का प्रयोग नहीं होना था। यह सिर्फ धन का दुरुपयोग किया जा रहा है। सामाजिक कार्यकर्ता अतुल सती का कहना है कि दो दशक बाद भी आइस स्केटिंग का कार्य पूरा नहीं हो पाया है। पूर्व में पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने इसका उद्घाटन किया था, लेकिन कार्य आज भी अधूरा है। उधर गढ़वाल मंडल विकास निगम के एमडी संदीप तिवारी का कहना है कि विभाग की ओर से लगातार मॉनीटरिंग की जा रही है। यदि कार्य में कोई कमी होती है तो उसे पूरा किया जाएगा।
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समतलीकरण में किया जा रहा सीमेंट का उपयोग
संवाद न्यूज एजेंसी
ज्योतिर्मठ। औली आइस स्केटिंग रिंग में चल रहे समतलीकरण कार्य मानकों के अनुरूप नहीं कराए जाने के आरोप लगे हैं। आइस स्केटिंग खेल से जुड़े लोगों का कहना है कि मानकों के विपरीत समतलीकरण कार्य में सीमेंट का प्रयोग किया जा रहा है।
औली में वर्षों से आइस स्केटिंग रिंग का कार्य पूरा नहीं हो पाया है। इस साल जनवरी में इसे लेकर आंदोलन हुआ था। इसके बाद रिंग के अधूरे कार्य को पूरा करने के लिए शासन ने बजट जारी किया। अब करीब 30 लाख रुपये की लागत से स्केटिंग रिंग के समतलीकरण का कार्य किया जा रहा है। इसको लेकर अंतरराष्ट्रीय स्कीइंग खिलाड़ी व आइस स्केटिंग से जुड़े विवेक पंवार का कहना है कि कार्यदायी संस्था स्केटिंग रिंग के समतलीकरण में सीमेंट का उपयोग कर रही है जबकि मानकों के अनुसार सीमेंट का प्रयोग नहीं होना था। यह सिर्फ धन का दुरुपयोग किया जा रहा है। सामाजिक कार्यकर्ता अतुल सती का कहना है कि दो दशक बाद भी आइस स्केटिंग का कार्य पूरा नहीं हो पाया है। पूर्व में पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने इसका उद्घाटन किया था, लेकिन कार्य आज भी अधूरा है। उधर गढ़वाल मंडल विकास निगम के एमडी संदीप तिवारी का कहना है कि विभाग की ओर से लगातार मॉनीटरिंग की जा रही है। यदि कार्य में कोई कमी होती है तो उसे पूरा किया जाएगा।
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