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आठ साल में बनाई तीन किमी सड़क
ब्यूरो/अमर उजाला गोपेश्वर
Updated Wed, 23 Mar 2016 09:21 PM IST
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पीएमजीएसवाई की ओर से निर्माणाधीन मारवाड़ी-थैंग मोटर मार्ग का निर्माण कार्य मानकों पर खरा नहीं उतर रहा है। वर्ष 2008 से निर्माणाधीन यह सड़क आज तक मात्र तीन किमी ही बन पाई है। जो सड़क बनी भी है वह पैदल चलने लायक नहीं है। सड़क पर शुरुआत से थौली नाले ढाई किमी तक तीखे मोड़ हैं, जिससे यहां वाहनों की आवाजाही खतरे से खाली नहीं है।
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थैंग गांव तक 10.5 किमी सड़क का निर्माण कार्य वर्ष 2008 में शुरू हुआ था। इसका निर्माण कार्य वर्ष 2011 में पूरा होना था, लेकिन आज तक मात्र तीन किमी ही सड़क बन पाई है। पीएमजीएसवाई ने दोबारा सड़क निर्माण कार्य शुरू कर दिया है, लेकिन कार्य भी धीमी गति से हो रहा है।
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ठेकेदार की ओर से की गई हिल कटिंग से ग्रामीणों का पैदल रास्ता भी क्षतिग्रस्त हो गया है। महावीर सिंह, दिलवर सिंह, धन सिंह नेगी और धर्मेंद्र का कहना है कि सड़क निर्माण कार्य में पीएमजीएसवाई के अधिकारी दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं। सड़क का कार्य मानकों के अनुरूप भी नहीं हो रहा है।
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सड़क के लिए आंदोलन का ऐलान
दशोली ब्लाक के कौंज-पोथनी गांव के ग्रामीणों ने गांव को सड़क से जोड़ने के लिए आंदोलन का ऐलान किया है। ग्रामीणों ने गांव में आयोजित बैठक में कहा कि आज भी सड़क के अभाव में उन्हें अपने गंतव्य तक जाने के लिए करीब दस किलोमीटर की पैदल दूरी तय करनी पड़ रही है।
क्षेत्र पंचायत सदस्य जसपाल लाल ने कहा कि वर्ष 2013 के अप्रैल माह में गांव को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए लोनिवि ने खाका तैयार भी किया था, लेकिन यह कार्य तीन सालों से वन भूमि हस्तांतरण प्रक्रिया पर अटका है। ग्रामीणों ने शीघ्र गांव को सड़क से जोड़ने की मांग की।
वहीं लोनिवि के ईई आदर्श गोपाल ने बताया कि डुंगरी-कौंज-पोथनी सड़क पर वन भूमि हस्तांतरण की प्रक्रिया ऑनलाइन हो गई है। शीघ्र ही यह प्रक्रिया भी पूर्ण हो जाएगी। इसके बाद सड़क निर्माण में आ रही निजी भूमि का काश्तकारों को मुआवजा दिया जाएगा। इसके बाद सड़क निर्माण कार्य शुरू होगा।