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बक्सौरा जंगल में आग कीमती पेड़-पौधे जल
अमर उजाला ब्यूरो, मिर्जापुर।
Updated Sat, 05 Mar 2016 05:51 PM IST
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सिरसी रेंज के धुरकर बीट के बक्सौरा जंगल में शुक्रवार को आग लगने से 15 हेक्टेयर जंगल नष्ट हो गया। घटना में लाखों रुपये की साखू, सागौन, शीशम, कंजी, जड़ी-बूटी आदि के पेड़-पौधे राख हो गए। छह घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
जायका परियोजना से वर्ष 2013 के दौरान बक्सौरा जंगल के 40 हेक्टेयर इलाके में पौधरोपण किया गया था। परियोजना में साखू, सागौन, आम, शीशम, आकाशियां, कंजी समेत अन्य पौधे लगाए गए थे। जंगल में पीपल के पेड़ पर मधुमक्खियों ने छत्ता लगाया था।
शुक्रवार की सुबह कुछ ग्रामीणों ने शहद निकालने के लिए नीचे आग जलाकर धुआं किया था। इसी दौरान तेज हवा चलने से आग लग गई। लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया लेकिन कामयाबी नहीं मिली तो वहां से भाग निकले। आग धीरे-धीरे बढ़कर जंगल में फैल गई और पेड़ जलने लगे। जानकारी होते ही सिरसी वन क्षेत्राधिकारी मनीष कुमार सिंह, वन दरोगा विनोद पांडेय, वनरक्षक दशमी यादव व लच्छन पहुंचे।
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करीब छह घंटे तक की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। वन कर्मी सुरक्षा के लिए जंगल में मौजूद थे। वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि जांच के बाद दोषियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
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जायका परियोजना से वर्ष 2013 के दौरान बक्सौरा जंगल के 40 हेक्टेयर इलाके में पौधरोपण किया गया था। परियोजना में साखू, सागौन, आम, शीशम, आकाशियां, कंजी समेत अन्य पौधे लगाए गए थे। जंगल में पीपल के पेड़ पर मधुमक्खियों ने छत्ता लगाया था।
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शुक्रवार की सुबह कुछ ग्रामीणों ने शहद निकालने के लिए नीचे आग जलाकर धुआं किया था। इसी दौरान तेज हवा चलने से आग लग गई। लोगों ने आग बुझाने का प्रयास किया लेकिन कामयाबी नहीं मिली तो वहां से भाग निकले। आग धीरे-धीरे बढ़कर जंगल में फैल गई और पेड़ जलने लगे। जानकारी होते ही सिरसी वन क्षेत्राधिकारी मनीष कुमार सिंह, वन दरोगा विनोद पांडेय, वनरक्षक दशमी यादव व लच्छन पहुंचे।
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करीब छह घंटे तक की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। वन कर्मी सुरक्षा के लिए जंगल में मौजूद थे। वन क्षेत्राधिकारी ने बताया कि जांच के बाद दोषियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।