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मलिन बस्तियों में रहने वाले बच्चें अब बोल रहे फर्राटेदार अंग्रेजी, राज्यपाल करेंगी सम्मानित
Mon, 09 Sep 2019 04:43 PM IST
शिखा पांडेय
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Mon, 09 Sep 2019 04:43 PM IST
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सीएसजेएम विश्वविद्यालय
- फोटो : अमर उजाला
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कानपुर के काकादेव, रावतपुर, रानीगंज की मलिन बस्तियों में रहने वाले बच्चे अब फर्राटेदार अंग्रेजी बोलने लगे हैं। इन्हीं में से 25 बच्चों को राज्यपाल आनंदीबेन पटेल 11 सितंबर को छत्रपति शाहूजी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) के दीक्षांत समारोह में सम्मानित करेंगी।
काकादेव में रहने वाली राज चाचर ‘अर्थ’ नाम से सामाजिक संस्था संचालित करती हैं। इसके तहत वह कॉलोनी के घरों में काम करने वाली गरीब महिलाओं के बच्चों को फ्री में पढ़ाती हैं। राज के इस काम में कॉलोनी की ही नकुल, खुशी, रोहन, अलका और शशि बैजल भी साथ देती हैं।
राज और उनकी टीम की पिछले आठ सालों की मेहनत की बदौलत ये बच्चे फर्राटेदार अंग्रेजी बोलने लगे हैं। राज बताती हैं कि इन बच्चों में से किसी के पिता रिक्शा चलाते हैं तो किसी के पिता मजदूरी करते हैं। अंग्रेजी के अलावा इन बच्चों को डांस, सिंगिंग, सिलाई-कढ़ाई जैसे अन्य हुनर भी सिखाए जा रहे हैं।
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विश्वविद्यालय के डॉ. सिधांशु राय ने बताया कि अर्थ संस्थान के अलावा उन्मूलन संस्था के कुछ बच्चे भी सम्मानित किए जाएंगे। राज्यपाल इन बच्चों को स्कूल बैग के साथ टिफिन, पानी की बॉटल, पेंसिल बॉक्स, कॉपी-किताब आदि पुरस्कार के रूप में देंगी।
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काकादेव में रहने वाली राज चाचर ‘अर्थ’ नाम से सामाजिक संस्था संचालित करती हैं। इसके तहत वह कॉलोनी के घरों में काम करने वाली गरीब महिलाओं के बच्चों को फ्री में पढ़ाती हैं। राज के इस काम में कॉलोनी की ही नकुल, खुशी, रोहन, अलका और शशि बैजल भी साथ देती हैं।
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राज और उनकी टीम की पिछले आठ सालों की मेहनत की बदौलत ये बच्चे फर्राटेदार अंग्रेजी बोलने लगे हैं। राज बताती हैं कि इन बच्चों में से किसी के पिता रिक्शा चलाते हैं तो किसी के पिता मजदूरी करते हैं। अंग्रेजी के अलावा इन बच्चों को डांस, सिंगिंग, सिलाई-कढ़ाई जैसे अन्य हुनर भी सिखाए जा रहे हैं।
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विश्वविद्यालय के डॉ. सिधांशु राय ने बताया कि अर्थ संस्थान के अलावा उन्मूलन संस्था के कुछ बच्चे भी सम्मानित किए जाएंगे। राज्यपाल इन बच्चों को स्कूल बैग के साथ टिफिन, पानी की बॉटल, पेंसिल बॉक्स, कॉपी-किताब आदि पुरस्कार के रूप में देंगी।