{"_id":"5cb1d164bdec2214541218ff","slug":"sania-mirza-says-country-needs-to-do-lot-more-for-women-empowerment-in-sports","type":"story","status":"publish","title_hn":"खेलों में महिला सशक्तिकरण के लिए देश को काफी कुछ करना चाहिए: सानिया","category":{"title":"Other Sports","title_hn":"अन्य खेल","slug":"other-sports"}}
खेलों में महिला सशक्तिकरण के लिए देश को काफी कुछ करना चाहिए: सानिया
Sat, 13 Apr 2019 05:39 PM IST
Mukesh Jha
स्पोर्ट्स न्यूज, अमर उजाला
स्पोर्ट्स न्यूज, अमर उजाला
Published by: Mukesh Jha
Updated Sat, 13 Apr 2019 05:39 PM IST
विज्ञापन
सानिया मिर्जा
शीर्ष टेनिस स्टार सानिया मिर्जा ने शनिवार को कहा कि खेलों में महिलाओं को पुरूषों की बराबरी पर लाने के लिए भारत को अब भी काफी कुछ करने की जरूरत है, हालांकि इस पहलू पर देश ने काफी काम किया है।
विज्ञापन
युगल और मिश्रित युगल में ग्रैंडस्लैम खिताब जीतने वाली भारत की पहली महिला टेनिस खिलाड़ी सानिया ने कहा कि एमसी मेरीकाम, साइना नेहवाल और पीवी सिंधू जैसी खिलाड़ियों ने देश को गौरवान्वित किया है लेकिन अब भी खेलों में भेदभाव होता है।
विज्ञापन
सानिया ने कहा, 'आज हम कम से कम 10 सुपरस्टार महिला खिलाड़ियों का नाम गिना सकते हैं जैसे साइना नेहवाल, पीवी सिंधू, मेरीकाम, दीपा करमाकर और साक्षी मलिक। लेकिन 10 साल पहले ऐसा नहीं कर सकते थे। इसलिये हमने खेलों में महिला सशक्तिकरण के मामले में काफी लंबा सफर तय किया है लेकिन अब भी खेलों में महिलाओं के लिये काफी कुछ किये जाने की जरूरत है।'
विज्ञापन
फिक्की महिला संस्था के 35वें सालाना सत्र के दौरान 'वुमैन शेपिंग द फ्यूचर' पर पैनल चर्चा में सानिया ने कहा, 'जहां तक हम महिलाओं के सशक्तिकरण और पुरूषों के साथ बराबरी की बात करते हैं तो मुझे लगता है कि हम अब भी पुरूषों के दबदबे वाली दुनिया में रहते हैं।'
उन्होंने कहा, 'मैं लंबे समय से कह रही हूं कि महिलाओं को पुरूषों के बराबरी इनामी राशि दी जानी चाहिए। यह भेदभाव पूरी दुनिया में सभी खेलों में है। मेरा सवाल है कि हमें यह समझाने की जरूरत क्यों है कि हमें पुरूषों के बराबर पुरस्कार राशि दी जानी चाहिए। मैं ऐसा दिन चाहती हूं कि जब हमें इसे समझाने की जरूरत ही नहीं पड़े।'