{"_id":"5e3d70528ebc3ee60059c43f","slug":"meera-bai-chanu-emerge-as-best-lifters-in-national-weightlifting-meet","type":"story","status":"publish","title_hn":"पूर्व विश्व चैम्पियन मीराबाई चानू बनीं ‘सर्वश्रेष्ठ सीनियर महिला भारोत्तोलक’, तोड़ें तीन रिकॉर्ड","category":{"title":"Other Sports","title_hn":"अन्य खेल","slug":"other-sports"}}
पूर्व विश्व चैम्पियन मीराबाई चानू बनीं ‘सर्वश्रेष्ठ सीनियर महिला भारोत्तोलक’, तोड़ें तीन रिकॉर्ड
Fri, 07 Feb 2020 07:42 PM IST
अंशुल तलमले
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
Published by: अंशुल तलमले
Updated Fri, 07 Feb 2020 07:42 PM IST
विज्ञापन
मीराबाई चानू
सेना के चंद्रकांत माली ने शुक्रवार को यहां सीनियर राष्ट्रीय भारोत्तोलन चैम्पियनशिप के अंतिम दिन तीन रिकॉर्ड बनाए जबकि रेलवे ने दबदबा बरकरार रखते हुए पुरूष और महिला दोनों ट्रॉफियां अपने नाम कीं। पूर्व विश्व चैम्पियन मीराबाई चानू को 865.796 ‘रोबी अंक’ के साथ ‘सर्वश्रेष्ठ सीनियर महिला भारोत्तोलक’ चुना गया, उन्होंने तीन रिकॉर्ड तोड़ते हुए महिला 49 किग्रा खिताब अपने नाम किया था।
विज्ञापन
‘रोबी अंक’ आईडब्ल्यूएफ का गणना करने का अधिकारिक प्रणाली है। युवा ओलंपिक चैम्पियन जेरेमी लालरिनुंगा 658.962 ‘रोबी अंक’ के साथ ‘सर्वश्रेष्ठ सीनियर पुरूष भारोत्तोलक’ चुने गए। उन्होंने सेना के लिये क्लीन एवं जर्क के रिकार्ड से पुरूष 67 किग्रा में पहला स्थान हासिल किया था।
विज्ञापन
वहीं 32 साल के माली ने कुल 330 किग्रा का वजन उठाया और उन्होंने अंकित छोकर (रेलवे) के पिछले रिकार्ड से छह किग्रा का सुधार किया। वर्ष 2014 राष्ट्रमंडल खेलों में कांस्य पदक जीतने वाले माली ने स्नैच में 149 किग्रा का वजन उठाया और छोकर के रिकार्ड से एक किग्रा बेहतर किया। वहीं क्लीन एवं जर्क में वह शानदार रहे जिससे उन्होंने पहले ही प्रयास में पूर्व रिकार्ड में पांच किग्रा का सुधार करते हुए 181 किग्रा का वजन उठाया।
विज्ञापन
वहीं छोकर 316 किग्रा के कुल वजन से दूसरे स्थान पर रहे जबकि रेलवे के उनके साथी वी ए क्रिस्टोफर तीसरे स्थान पर रहे। लेकिन रेलवे ने दबदबा बनाते हुए दोनों पुरूष और महिला खिताब अपने नाम किए, जिसमें उसने क्रमश: 246 और 232 अंक जुटाए।
सेना पुरूष वर्ग में 232 अंक से दूसरे स्थान पर रहा जबकि महाराष्ट्र ने महिला वर्ग में 202 अंक से दूसरा स्थान हासिल किया। पांच दिवसीय प्रतियोगिता में 41 राष्ट्रीय रिकार्ड बने जिसमें पुरूष और महिला वर्गों में 419 भारोत्तोलकों ने शीर्ष स्थान हासिल किए।