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गौतम गंभीर चाहते हैं कि भारतीय टीम करे ऑस्ट्रेलिया का दौरा, BCCI अगुआ की भूमिका निभाए
Mon, 11 May 2020 06:59 PM IST
अंशुल तलमले
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला
Published by: अंशुल तलमले
Updated Mon, 11 May 2020 06:59 PM IST
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गौतम गंभीर
- फोटो : पीटीआई
पूर्व भारतीय सलामी बल्लेबाज गौतम गंभीर का मानना है कि मौजूदा संकट के दौर में भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) को अगुआ की भूमिका निभानी चाहिए, उन्होंने कहा कि अगर इस साल के आखिरी में राष्ट्रीय टीम ऑस्ट्रेलिया का दौरा करती है तो इससे उनके मन में बोर्ड को लेकर सम्मान और बढ़ जाएगा।
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गंभीर बीसीसीआई के कोषाध्यक्ष अरुण धूमल के उस बयान पर प्रतिक्रिया दे रहे थे, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया पहुंचने के बाद क्वारंटीन पर जा सकती है।
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दो सप्ताह के लिए क्वारंटीन की जरूरत हालांकि तभी होगी जब द्विपक्षीय सीरीज से पहले वहां खेले जाने वाले टी-20 वर्ल्ड कप का आयोजन नहीं होगा। गंभीर ने स्टार स्पोर्ट्स के कार्यक्रम 'क्रिकेट कनेक्टेड' में कहा, 'बीसीसीआई की तरफ से यह एक बहुत ही सकारात्मक संकेत है, क्योंकि मुझे लगता है कि वे एक बड़ी तस्वीर देख रहे हैं। इससे पूरे देश का मूड बदल सकता है।'
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भारतीय टीम को ऑस्ट्रेलिया दौरे पर चार टेस्ट मैच खेलने हैं। अगर यह दौरा नहीं हुआ तो क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया को 300 मिलियन ऑस्ट्रेलियाई डॉलर (लगभग 14.74 अरब रुपये) का नुकसान होगा। उन्होंने कहा, 'ऑस्ट्रेलिया में सीरीज जीतना जरूरी है लेकिन यह सिर्फ जीतने के बारे में नहीं है। इससे भारत ही नहीं ऑस्ट्रेलिया में भी सकारात्मक माहौल बनेगा।'
गंभीर ने कहा, 'खेलने वाले 38 साल के गौतम गंभीर ने इस मौके पर आईसीसी (अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद) की हाल ही जारी टेस्ट रैंकिंग पर सवाल उठाया। इस रैंकिंग में भारत को हटाकर ऑस्ट्रेलिया पहले स्थान पर आ गया।
उन्होंने कहा, 'नहीं, मैं आश्चर्यचकित नहीं हूं, क्योंकि मुझे इन सभी रैंकिंग और अंक प्रणाली में विश्वास नहीं है। वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप में शायद सबसे खराब अंक प्रणाली है। आप घरेलू मैदान पर मैच जीते या विदेशी सरजमीं पर आपको बराबर अंक मिलता है। यह बकवास है।'