Surya Grahan December 2020: चंद्र ग्रहण के बाद दिसंबर में लगेगा सूर्य ग्रहण, जानें इससे जुड़ी जानकारी
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Surya Grahan December 2020 Date, timing, sutak: साल का आखिरी चंद्र ग्रहण समाप्त हो चुका है। अब दिसंबर को सूर्य ग्रहण लगने जा रहा है। यह पूर्ण सूर्य ग्रहण होगा। महत्वपूर्ण बात ये है कि यह सूर्य ग्रहण भारत में दिखाई नहीं देगा। ग्रहण को अशुभ घटना के रूप में देखा जाता है। ग्रहण काल में सूतक का विचार किया जाता है। इस दौरान कई कार्यों को करने की मनाही होती है। आइए जानते हैं दिसंबर में लगने वाले सूर्य ग्रहण से जुड़ी सारी जानकारी।
सूर्य ग्रहण 14 दिसंबर को लगेगा। यह ग्रहण मार्गशीर्ष अमावस्या तिथि पर लग रहा है। यह इस साल का दूसरा और अंतिम सूर्य ग्रहण होगा। इससे पहले 21 जून को सूर्य ग्रहण लगा था। भारत में दिखाई न देने के कारण ग्रहण का सूतक काल मान्य नहीं होगा। सूर्य ग्रहण की शुरुआत 14 दिसंबर की शाम 7 बजकर 03 मिनट से होगी और 15 दिसंबर की रात 12 बजे के करीब समापन बताया जा रहा है। यह सूर्य ग्रहण दक्षिण अमेरिका, अटलांटिक महासागर, अफ्रीका आदि देशों में देखा जा सकेगा।
भले ही सूर्य ग्रहण को विज्ञान की नजर में महज एक खगोलीय घटना माना जाता है, लेकिन आस्था के नजरिए से यह एक अशुभ घटना होती है। इसलिए ग्रहण में कई चीजों का विचार किया जाता है। हिन्दू धार्मिक आस्था केन्द्रों के कपाट बंद कर दिए जाते हैं। लोग ग्रहण के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए गंगा जैसी पवित्र नदी में डुबकी लगाते हैं। पूजा पाठ एवं अन्य प्रकार के मंगल अनुष्ठान रुक जाते हैं। जब ग्रहण समाप्त होता है तो गंगा जल से घरों, मंदिरों, मूर्तियों को शुद्ध किया जाता है ताकि उनके ऊपर से ग्रहण की अशुभ छाया दूर हो जाए।
सूर्य ग्रहण के दौरान विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता होती है। विशेषकर गर्भवती महिलाओं को। उन्हें घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए और न ही उन्हें चाकू छुरी या नुकीली चीजों का प्रयोग करना चाहिए। कहा जाता है कि इसका सीधा असर गर्भ में पल रहे शिशु के ऊपर पड़ता है। इस सूर्य ग्रहण के बाद स्नान, दान और मंत्र जाप करना विशेष फलदायी रहेगा।