कलयुग में श्री हनुमान जी की साधना सबसे सरल, सुगम एवं शीघ्र फलदायक है। हनुमत साधना से किसी भी प्रकार के अनिष्ट ग्रहों के प्रकोप से मुक्ति मिल जाती है। अष्ट सिद्धि के दायक श्री हनुमान जी की जयंती के दिन बजरंग बली की साधना करने से तमाम तरह के रोग, भय और संकट दूर होते हैं और पूरे साल साधक पर सुख और समृद्धि का आशीर्वाद बना रहता है। साथ ही यह भी जान लेना जरूरी है कि अलग-अलग दिशाओं वाली हनुमान जी की मूर्ति या फोटो की पूजा का अलग-अलग फल मिलता है।
जानें हनुमान जी की किस मुद्रा से मिलता है कौन सा आशीर्वाद
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उत्तरमुखी हनुमान
उत्तर दिशा वाली वाली हनुमान की मूर्ति या फोटो की पूजा करने से सभी देवी-देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त होता है और सुख-समृद्धि और सौभाग्य प्राप्त होता है।
दक्षिणमुखी हनुमान
मान्यता है कि श्री हनुमान जी ने अपनी शक्तियों का प्रभाव इसी दिशा में सबसे अधिक दिखाया था, इसलिए इस दिशा वाली हनुमान जी की मूर्ति या फोटो की पूजा करने पर हनुमत कृपा प्राप्त होती है। साथ ही दक्षिण दिशा से आने वाली हर बुरी ताकत बजरंग बली का चित्र देखकर लौट जाती हैं।
किस दिशा या स्थान पर हनुमान जी की फोटो नहीं लगाना चाहिए, जानने के लिए आगे की स्लाइड क्लिक करें —
बेडरूम में न लगाएं हनुमान जी की फोटो
मान्यता है कि जिस घर में श्री बजरंग बली का चित्र होता है, वहां किसी भी प्रकार का दोष, भय, बाधा और भूतादि नहीं रहता है। लेकिन हनुमान जी का चित्र लगाते समय कुछ सावधानियां भी आवश्यक हैं। शास्त्रों के अनुसार श्री हनुमान जी बाल ब्रह्मचारी हैं। ऐसे में उनका चित्र भूलकर भी अपने बेडरूम में लगाए। यहां यह जान लेना जरूरी है कि हनुमान जी का दक्षिण दिशा में बैठी हुई मुद्रा में फोटो लगाना अति शुभ होता है। साथ ही घर में कभी भी लंका दहन वाली तस्वीर न लगाएं।
श्री हनुमान जी की विभिन्न मुद्राओं वाली फोटो के फल जानने के लिए आगे की स्लाइड क्लिक करें —
उड़ते हुए हनुमान की फोटो
घर में उड़ते हुए हनुमान जी की फोटो लगाकर पूजा करने पर बजरंग बली से जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में सफलता एवं उन्नति का आशीर्वाद प्राप्त होता है। हनुमत साधक में निरंतर आगे बढ़ने के प्रति उत्साह और साहस का संचार होगा।