छात्र आंदोलन के आगे झुका एचपीयू प्रशासन, नहीं बढ़ेगी फीस
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हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के छात्रावासों की फीस में दस फीसदी की बढ़ोतरी किए जाने के फैसले पर विवि प्रशासन बैकफुट पर आ गया है।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेयी ने शनिवार को जारी प्रेस बयान में कहा कि छात्रावासों की वार्षिक फीस में किसी तरह की बढ़ोतरी नहीं की जाएगी। पहले से तय दरों पर ही नए सत्र में भी छात्रों से फीस वसूल की जाएगी।
विवि प्रशासन के इस फैसले से छात्रावासों में रहने वाले करीब 1500 छात्र छात्राओं को राहत मिली है। कुलपति ने कहा कि फीस बढ़ोतरी का मामला उनके ध्यान में नहीं था, अब एडवाइजरी एंड मानिटरिंग कमेटी ने मामला सामने लाया है।
उन्होंने फैसला दिया है कि फीस में कोई बढ़ोतरी नहीं की जाएगी। विवि के जन संपर्क अधिकारी डॉ. रणवीर वर्मा ने कहा कि कुलपति ने छात्रावासों की फीस में बढ़ोतरी न किए जाने का फैसला लिया है, इसको लेकर चीफ वार्डन कार्यालय व डीएसडब्ल्यू कार्यालय को आदेश जारी कर दिए जाएंगे।
एसएफआई ने किया था फीस बढ़ाने पर डीएस का घेराव
छात्रावासों की फीस बढ़ाए जाने के जारी फरमान का एसएफआई की विवि इकाई ने विरोध किया था और इसको लेकर विवि अधिष्ठाता अध्ययन का घेराव भी किया था। जिस पर शुक्रवार को डीएस की अध्यक्षता में छात्रावास एडवाइजरी एंड मानिटरिंग कमेटी की बैठक भी बुलाई गई थी। कमेटी ने मामला कुलपति के पास भेजा था। जिस पर कुलपति ने शनिवार को छात्र हित में फैसला ले लिया है।
एनएसयूआई ने वीसी को सौंपा था मांगपत्र
एनएसयूआई की विवि इकाई ने जिला सचिव बलविंद्र सिंह की अगुवाई में छात्रावासों की बढ़ाई गई फीस के फैसले को वापस लेने को लेकर कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेयी को मांगपत्र सौंपा। एनएसयूआई ने कुलपति से छात्रावासों में सुविधाएं बढ़ाने जैसे नियमित पेयजल आपूर्ति, सफाई और हर तरह की सुविधाएं प्रदान करने की मांग को भी उठाया।
एनएसयूआई ने परिसर में गुंडागर्दी का माहौल बनाने वालों के खिलाफ र्कारवाई करने की भी मांग उठाई। कुलपति प्रो. वाजपेयी ने प्रतिनिधिमंडल में शामिल एनएसयूआई नेताओं व कार्यकर्ताओं परिसर सचिव विनोद मेहता, आदिति ओक्टा, भुवनेश्वरी, संदीप, सुनील, विशाल प्रदीप व ललित को भरोसा दिया कि फीस में कोई बढ़ोतरी नहीं होगी।