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विद्यार्थियों ने बीएससी 5वें सेमेस्टर के परिणाम पर उठाए सवाल

Sun, 05 May 2019 05:05 PM IST
अरविन्द ठाकुर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, धर्मशाला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, धर्मशाला Published by: अरविन्द ठाकुर Updated Sun, 05 May 2019 05:05 PM IST
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student raise concerns over BSc fifth semester Result
सांकेतिक तस्वीर

प्रदेश विश्वविद्यालय शिमला के बीएससी के पांचवें सेमेस्टर के परिणाम पर विद्यार्थियों ने सवाल उठाए हैं। पांचवें सेमेस्टर में मेधावियों को गणित के पेपर में 0, 2, 3,11 और 17 नंबर दिए गए हैं। गणित का पेपर ठीक होने के बाद भी परिणाम में ऐसे अंक देखने के बाद परीक्षार्थियों में रोष है।

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परीक्षार्थियों ने विवि प्रशासन से बीएससी पांचवें सेमेस्टर के परिणाम की समीक्षा कर दोबारा घोषित करने की मांग उठाई है। कई विद्यार्थियों ने एमएससी गणित की प्रवेश परीक्षा के फार्म भरे हैं। अब ऐसे परिणाम के चलते उन्हें एमएससी में प्रवेश मिलना भी मुश्किल हो गया है। 
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राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला में कई बच्चों ने परिणाम को लेकर आपत्ति भी दर्ज की है। उधर, राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला के प्राचार्य प्रो. ज्योति कुमार ने बताया कि विद्यार्थियों ने बीएससी पांचवें सेमेस्टर के परिणाम को लेकर आपत्ति जताई है। बच्चों की आपत्ति विवि प्रशासन को भेज दी गई है।
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एनएसयूआई के जिला उपाध्यक्ष बादल सक्सेना सहित विक्रम, रेंजर, रोहित, भानू, सूर्य, पूजा, नेहा, मनीषा, नयना, शिल्पा, हरविंद्र, कार्तिक, दीक्षा, शिवानी, रिंपी, आकाश, तमन्ना, निखिल, भारती, शीतल, दीक्षा, हिमानी, कनिक्षा, अमन, अंकुश, शशी, विश्वजीत, मोनिका, अंकिता, अमन और साहिल ने बताया कि उनके अन्य पेपरों में अच्छे अंक हैं, लेकिन गणित में फेल कर दिया गया है। 


फीस कम न हुई तो एनएसयूआई छेड़ेगी आंदोलन
एनएसयूआई ने कहा कि एचपीयू ने नए सत्र में बीएड कोर्स के लिए आवेदन शुल्क में बढ़ोतरी की है। इससे आर्थिक रूप से कमजोर बच्चे आवेदन नहीं कर पा रहे हैं। एनएसयूआई के प्रदेश उपाध्यक्ष अविनाश शर्मा और प्रदेश सचिव सोनू भारद्वाज ने बताया कि आवेदन के लिए सामान्य और ओबीसी वर्ग के लिए 1000 रुपये, आरक्षित वर्ग के लिए 500 रुपये फीस रखी है, जो पिछले साल के मुकाबले बहुत ज्यादा है। उन्होंने कहा कि फीस कम न की गई तो एनएसयूआई प्रदेश में आंदोलन छेड़ेगी।

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