{"_id":"58f595944f1c1b3f3b471f0c","slug":"read-hp-university-ec-meeting-decisions","type":"story","status":"publish","title_hn":"एचपीयू के 11 शिक्षकों को पदोन्नति, क्लिक कर पढ़ें EC के फैसले","category":{"title":"Campus","title_hn":"कैंपस ","slug":"campus"}}
एचपीयू के 11 शिक्षकों को पदोन्नति, क्लिक कर पढ़ें EC के फैसले
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
Updated Tue, 18 Apr 2017 09:57 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के ग्यारह शिक्षकों को कैरियर एडवांसमेंट (सीएएस) के तहत पदोन्नति देने को मंजूरी दी गई। विवि की कार्यकारी परिषद की सोमवार को कुलपति प्रो. एडीएन वाजपेयी की अध्यक्षता में हुई आपात बैठक में इस पर मुहर लगाई गई।
विज्ञापन
इस योजना के तहत पदोन्नत होकर प्रोफेसर बने शिक्षकों में विधि विभाग के डा. डीपी वर्मा, राजनीति शास्त्र के डा. हरीश कुमार ठाकुर, राजनीति शास्त्र इकडोल की डा. भावना देव, इतिहास विभाग की डा. अमृत वर्षा गांधी, डा. बाल कृष्ण शिवरम, वोकेशनल स्टडीज के डा. चंद्र मोहन, केमिस्ट्री विभाग इन ऑर्गेनिक की शिक्षिका डा. शशि बाला कालिया, फि जिकल से डा. सुवरचा चौहान और आर्गेनिक केमिस्ट्री के शिक्षक डा. बलजीत सिंह, कॉमर्स विभाग के डा. राज कुमार सिंह को पदोन्नत कर प्रोफेसर बनाया गया है।
विज्ञापन
वहीं वोकेशनल स्टडीज की शिक्षक डा. सोनिया खान को सीएएस के तहत पदोन्नत कर एसोसिएट प्रोफेसर बनाया गया है। बैठक में विवि के नियम और अधिनियम (एक्ट, आर्डिनेंस) के हिंदी में अनुवादित डाक्यूमेंट को कार्सकारी परिषद ने मंजूरी दे दी गई है। हालांकि एक्ट और आर्डिनेंस में किसी तरह की असमंजस की स्थिति पैदा होने की सूरत में इंग्लिश डाक्यूमेंट ही कानूनी दस्तावेज रहेगा।
विज्ञापन
हिंदी अनुवाद को विवि कोर्ट बैठक में अंतिम मंजूरी दी जाएगी, वहीं ईसी ने इसके लिए प्रदेश सरकार से भी मंजूरी दिलवाने का निर्णय लिया। प्रो. कमलजीत सिंह और प्रो. सुनीत देष्टा विधि विभाग के शिक्षकों के अवकाश के मामले को अप्रूव किया गया, मगर इस पर विवि कानूनी राय भी लेगा। इस तरह के मामलों के निपटारे की प्रक्रिया तय करने के लिए प्रति कुलपति प्रो. राजेंद्र सिंह चौहान की अध्यक्षता में कमेटी गठित करने का निर्णय लिया गया। बैठक में विवि के सिक्योरिटी आफिसर जय पाल को सेवा विस्तार दिए जाने को भी मंजूरी मिली है। उनकी मई माह में सेवानिवृत्ति होनी थी।