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यूजी डिग्री कोर्स में हाजिरी की शर्त कैसे पूरी करेंगे विद्यार्थी
Fri, 16 Aug 2019 12:27 PM IST
अरविन्द ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Fri, 16 Aug 2019 12:27 PM IST
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फाइल फोटो
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यूजी डिग्री कोर्स में प्रवेश के लिए एचपीयू की ओर से एकबार फिर बढ़ाई गई तारीख से कई सवाल उठने लगे हैं। लगातार दो बार बढ़ाई गई तिथि के बाद विद्यार्थी यूजी डिग्री कोर्स में हाजिरी की शर्त को कैसे पूरा कर पाएंगे? बीते सप्ताह ही शिक्षा निदेशक ने यूजी डिग्री कोर्स में 180 वर्किंग डे की शर्त को अनिवार्य किया है। कॉलेजों में एक जुलाई से नियमित कक्षाएं शुरू हो चुकी हैं।
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ऐसे में 30 जून के बाद यूजी डिग्री कोर्स में प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों के लिए सीबीसीएस रूसा के तहत हाजिरी की शर्त को पूरा करना मुश्किल हो जाएगा। कुलपति बीस अगस्त तक प्रवेश की तिथि बढ़ा रहे हैं। ऐसे में प्रवेश लेने वाले छात्र-छात्राएं कैसे डेढ़ माह से अधिक की कक्षाओं की हाजिरी पूरी कर पाएंगे। विवि प्रशासन का यह फैसला कहीं न कहीं प्रवेश लेने वाले छात्र-छात्राओं को परीक्षा परिणाम के समय जरूर परेशान कर सकता है।
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कॉलेज शिक्षक संघ ने जताई आपत्ति
विवि प्रशासन के तीन बार यूजी कोर्स में प्रवेश की तिथि बढ़ाने के फैसले पर राजकीय कॉलेज प्राध्यापक संघ ने आपत्ति जताई है। कहा कि बीस अगस्त तक यूजी डिग्री कोर्स की कक्षाएं शुरू हुए एक महीना बीस दिन हो जाएंगे। अधिकतर कॉलेजों में दो-दो यूनिट पढ़ाए जा चुके हैं। जो बच्चे प्रवेश ले रहे हैं, वे अपना सिलेबस कैसे पूरा करेंगे, कैसे उनकी हाजिरी की शर्त पूरी होगी?
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संघ के अध्यक्ष धर्मवीर सिंह धारवाल, वरिष्ठ उपाध्यक्ष संजय जसरोटिया, उपाध्यक्ष ओम प्रकाश महासचिव डॉ. रामलाल शर्मा ने कहा कि विवि के फैसले से साफ है कि शिक्षा विभाग और विवि में कॉलेजों के संचालन को लेकर समन्वय की कमी है। न्यायालय के आदेशों के बावजूद तीस जून के बाद दो से तीन बार प्रवेश की तिथि बढ़ाई गई। इसमें प्राचार्यों और शिक्षकों तक को विश्वास में नहीं लिया गया है।